यूपी में दलित समाज सुरक्षित नहीं, बर्दाश्त नहीं किया जाएगा अपमान : काग्रेस
कांग्रेस एससी प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय चेयरमैन राजेंद्र गौतम व सांसद तनुज पुनिया ने सरकार पर हमला बोला
कानपुर, अमृत विचार। कांग्रेस के अनुसूचित विभाग के राष्ट्रीय चेयरमैन राजेंद्र पाल गौतम और सांसद तनुज पुनिया ने मोदी और योगी सरकार पर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहना है कि उत्तर प्रदेश में दलित समाज के लोग सुरक्षित नहीं हैं।
रायबरेली में दलित की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। प्रदेश में आएदिन दलितों पर अत्याचार हो रहे हैं लेकिन योगी सरकार या मोदी सरकार दोनों की शामोशी ये बताती है कि सरकार दलितों की बिल्कुल हितैषी नही है।
मंगलवार को कांग्रेस अनुसूचित विभाग के राष्ट्रीय चेयरमैन राजेंद्र पाल गौतम और सांसद तनुज पुनिया दिल्ली से रायबरेली जा रहे थे क्योंकि फतेहपुर में दलित युवक हरिओम वाल्मीकि की हत्या कर दी गई। गंगापुल जाजमऊ में राष्ट्रीय चेयरमैन व पूर्व मंत्री राजेंद्र पाल गौतम ने पत्रकारों से कहा कि भाजपा की सरकार में दलित समाज सबसे ज्यादा त्रस्त है।
भाजपा के राज में टारगेट करके दलितों को उत्पीड़न हो रहा है। उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस पर हमला किया जा रहा है जो भाजपा और आरएसएस के दलित विरोधी एजेंडे का नतीजा है। सांसद तनुज पुनिया ने कहा कि भाजपा की सरकार में दलित समाज के अवसरों को छीना जा रहा है यहां तक कि दलित समाज के वोट भी काटे जा रहे हैं।
वोट चोरी का सबसे ज्यादा नुकसान दलित, पिछड़ा और अल्पसंख्यक समाज को हो रहा है। आज देश में दलित समाज से नफरत की मुहिम भाजपा और आरएसएस चला रही है। दलितों की हत्या से लेकर उन पर मुकदमे लग रहे हैं।भाजपा में दलित समाज अपने अस्तित्व के लिए परेशान है।
मंगलवार को जाजमऊ गंगा पुल पर कानपुर महानगर कांग्रेस के अध्यक्ष पवन गुप्ता के नेतृत्व में भारी संख्या में कांग्रेसजनों ने शिष्टाचार मुलाकात की। इस दौरान दोनों वरिष्ठ कांग्रेसी नेता दिवंगत पूर्व अध्यक्ष महेश दीक्षित और वर्तमान में महासचिव संजय दीक्षित के आवास पर शिष्टाचार भेंट करने के लिए पहुंचे। महानगर अध्यक्ष पवन गुप्ता ने राष्ट्रीय चेयरमैन राजेंद्र गौतम और सांसद तनुज पुनिया को बुद्ध जी की प्रतिमा भेंट की।
पवन गुप्ता ने कहा कि दलित समाज आज भी बस्तियों में दयनीय स्थिति में रहने को मजबूर हैं जहां गंदा पानी, सीवर की बदबू, नाले के पानी से भरी टूटी सड़कें और बीमारियां बजबजाती हैं। कानपुर में दलित समाज के बीच सबसे ज्यादा सरकारी मदद की आवश्यकता है पर भाजपा की सरकार ने दलित समाज का जीना दूभर कर रखा है।
विवेक दीक्षित, इकबाल अहमद, राजेश गौतम, रितेश यादव, कैलाश पाल, विकास सोनकर, इस्लाम अंसारी, मानेश दीक्षित, आसिफ इकबाल, मुकेश वाल्मीकि, उमा शंकर तिवारी, रवि किशन भारती, विवेक पाल आदि थे।
