लखपति दीदी से मातृ वंदना योजना तक... मोदी सरकार की 6 योजनाएं जो दे रही हैं महिलाओं को नई उड़ान, नोट कर लें
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में पिछले 11 वर्षों में कई ऐसी योजनाएं शुरू की गई हैं, जो महिलाओं के सशक्तिकरण और उनके जीवन को बेहतर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। इन योजनाओं ने माताओं, बहनों और बेटियों को शिक्षा, स्वास्थ्य, आर्थिक स्वावलंबन और सामाजिक सुरक्षा प्रदान कर उनके सपनों को नई दिशा दी है। आइए जानते हैं उन 6 खास योजनाओं के बारे में, जो महिलाओं के लिए वरदान साबित हो रही हैं।
1. बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ
यह योजना 2015 में शुरू की गई थी, जिसका उद्देश्य बालिकाओं के प्रति समाज की सोच को बदलना और उनके लिए बेहतर अवसर सुनिश्चित करना है। यह योजना लिंगानुपात में सुधार और लड़कियों की शिक्षा को बढ़ावा देने पर केंद्रित है। इसके जरिए बेटियों को सशक्त बनाने और उनके भविष्य को उज्ज्वल करने का प्रयास किया जा रहा है।
2. उड़ान योजना
2014 में शुरू हुई 'सीबीएसई उड़ान योजना' का मकसद है छात्राओं को इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षाओं की तैयारी में सहायता प्रदान करना। यह योजना खास तौर पर उन लड़कियों के लिए है, जो प्रतिष्ठित इंजीनियरिंग संस्थानों में दाखिला लेना चाहती हैं। इसके तहत कक्षा 11 और 12 की छात्राओं को मुफ्त ऑनलाइन और ऑफलाइन संसाधन, जैसे वर्चुअल कक्षाएं और अध्ययन सामग्री, उपलब्ध कराई जाती है।
3. सुकन्या समृद्धि योजना
यह एक विशेष बचत योजना है, जो 2015 में शुरू की गई थी। इसका लक्ष्य बेटियों के भविष्य को आर्थिक रूप से सुरक्षित करना है। 10 साल से कम उम्र की बालिकाओं के नाम पर माता-पिता या अभिभावक इस योजना के तहत खाता खोल सकते हैं। इसमें सालाना न्यूनतम 250 रुपये से लेकर अधिकतम 1.5 लाख रुपये तक जमा किए जा सकते हैं। इस योजना में आकर्षक ब्याज दरें मिलती हैं, जो सरकार द्वारा समय-समय पर निर्धारित की जाती हैं।
4. लखपति दीदी योजना
15 अगस्त 2023 को शुरू हुई इस योजना का उद्देश्य ग्रामीण और शहरी महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना है। इसके तहत महिलाओं को अपना व्यवसाय शुरू करने के लिए प्रोत्साहन और संसाधन उपलब्ध कराए जाते हैं, ताकि वे अच्छी आय अर्जित कर सकें और अपने परिवार का भरण-पोषण कर सकें।
5. प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना
2017 में शुरू हुई इस योजना के तहत गर्भवती और स्तनपान कराने वाली महिलाओं को वित्तीय सहायता दी जाती है। जनवरी 2025 तक 3.81 करोड़ से अधिक महिलाओं को 17,362 करोड़ रुपये की सहायता प्रदान की जा चुकी है। पहली बार मां बनने वाली महिलाओं को 5,000 रुपये तीन किश्तों में दिए जाते हैं। साथ ही, दूसरी बार गर्भवती होने पर यदि बेटी का जन्म होता है, तो 6,000 रुपये की एकमुश्त राशि दी जाती है।
6. प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना
यह योजना ग्रामीण महिलाओं के जीवन में क्रांतिकारी बदलाव लाई है। इसके तहत गरीबी रेखा से नीचे (BPL) के परिवारों को मुफ्त एलपीजी गैस कनेक्शन और सब्सिडी पर सालाना 12 सिलेंडर प्रदान किए जाते हैं। इस योजना ने पारंपरिक चूल्हों से होने वाले धुएं से महिलाओं को मुक्ति दिलाई और स्वच्छ ईंधन के उपयोग को बढ़ावा दिया। अब तक 10 करोड़ से अधिक परिवार इस योजना का लाभ उठा चुके हैं।
इन योजनाओं ने न केवल महिलाओं को आर्थिक और सामाजिक रूप से सशक्त बनाया है, बल्कि उनके सपनों को उड़ान देने में भी मदद की है। अगर आप इन योजनाओं का लाभ उठाना चाहते हैं, तो नजदीकी बैंक, डाकघर या सरकारी कार्यालय से संपर्क करें और इनके लिए आवेदन करें।
