Moradabad : तेज रफ्तार अज्ञात वाहन ने टीएमयू छात्रा को रौंदा, मौके पर दम तोड़ा
पाकबड़ा, अमृत विचार। तेज रफ्तार अज्ञात वाहन ने टीएमयू की छात्रा को रौंद दिया। जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद हाईवे पर जाम की स्थिति बन गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने वाहनों को निकलवाया। शव पोस्टमार्टम के लिए मोर्चरी भेज दिया है। मौत की सूचना से परिवार में कोहराम मच गया है।
रामपुर जिले के थाना टांडा के गांव पीपली नायक की निवासी भावना पुत्री सत्यपाल सिंह टीएमयू में जीएनएम तृतीय वर्ष की छात्रा थी। वह पाकबड़ा कस्बे के मोहल्ला पश्चिमी ठाकुरान में रह रही थी। रोज की तरह रविवार दोपहर कॉलेज जा रही थी। सड़क पार करने के दौरान दिल्ली की ओर से तेज रफ्तार से आ रहे अज्ञात वाहन ने उसे रौंद दिया। जिससे उसने मौके पर ही दम तोड़ दिया। सूचना पाकर मौके पर पहुंची पुलिस ने शव मोर्चरी भिजवा दिया और सूचना परिजनों को दी। सुनते ही परिजनों में कोहराम मच गया। जानकारी के अनुसार वह तीन बहन भाइयों में सबसे बड़ी थी। उसके बाद एक छोटा भाई और बहन है।
विल्सोनिया से टीएमयू तक बना मौत का हाईवे, एक सप्ताह में गई पांच लोगों की जान
विलसोनिया कॉलेज से लेकर टीएमयू तक की हाईवे की दूरी करीब 500 मीटर भी नहीं होगी। लेकिन उस दूरी में हाईवे ने सप्ताह भर में पांच लोगों की जान ले ली। कुछ समय पहले रात में पाकबड़ा से नुमाइश देखकर लौट रहे लोगों को जोरदार टक्कर मार दी थी। जिसमें मौसी भांजे समेत तीन लोगों की जान चली गई थी। उसके बाद एक बुजुर्ग को भी सड़क पार करते हुए अज्ञात वाहन ने रौंद दिया था। जिनकी मौके पर ही मौत हो गई थी। इसी क्रम में रविवार को भी टीएमयू की छात्रा की सड़क पार करते हुए जान चली गई है। लगातार हाईवे पर इस तरह से हादसे के बावजूद इस बारे में सरकारी तंत्र नहीं सोच रहा है।
फुट ओवर ब्रिज होता तो हादसे पर लगता अंकुश
क्षेत्रवासी और टीएमयू के छात्र भी कहते हैं कि टीएमयू के सामने हाईवे पर अगर एक पैदल चलने के लिए पुल (फुट ओवर ब्रिज) बन जाए तो यहां सड़क पार करते समय हादसे में लोगों की जान नहीं जाएगी। लेकिन न टीएमयू प्रशासन ने भी इस पर अब तक ध्यान नहीं दिया है और न कोई जनप्रतिनिधि इस बारे में सोच रहे हैं। क्षेत्रवासियों और राहगीरों का मानना है कि टीएमयू के सामने पैदल मार्ग पर पुल की व्यवस्था अवश्य होनी चाहिए।
