भारतीय कुटुम्ब व्यवस्था को सशक्त बनायेगी मातृ शक्ति... वंदना- शिवदयाल विद्या मंदिर में हुआ सप्त शक्ति संगम
अयोध्या, अमृत विचार: शिवदयाल जायसवाल सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कॉलेज तुलसीनगर में सप्त शक्ति संगम कार्यक्रम का आयोजन किया गया। शुभारंभ मां सरस्वती के चित्रपट समक्ष मुख्य अतिथि अध्यक्ष रामाय सेवा ट्रस्ट वंदना उपाध्याय, सामाजिक कार्यकर्ता सरिता गर्ग, मुख्य वक्ता प्रो. शुचिता पाण्डेय, डॉ. प्रज्ञा मिश्रा के द्वारा दीप प्रज्वलन से हुआ। इस अवसर पर प्रस्ताविकी आचार्या विभा तिवारी ने रखी।
मुख्य अतिथि वंदना उपाध्याय ने कहा कि भारतीय कुटुंब व्यवस्था के महत्व को मातृशक्ति ही पुष्ट बनाएंगी। इन्हीं के माध्यम से बालक का समग्र विकास होगा। वक्ता डॉ. प्रज्ञा मिश्रा ने भारतीय संस्कृति के मूल सिद्धांत वसुधैव कुटुम्बकम तथा प्रकृति के साथ संतुलित जीवन शैली पर विशेष जोर दिया। उन्होंने पारिवारिक मूल्यों, संवाद, सम्मान एवं पर्यावरण संरक्षण को मातृशक्ति के महत्वपूर्ण दायित्वों के रूप में प्रस्तुत किया। वक्ता प्रो. शुचिता पाण्डेय ने कहा कि भारत के सामाजिक, आर्थिक एवं राजनीतिक विकास में महिलाओं की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण रही है।
अध्यक्षीय आशीर्वचन देते हुए सरिता गर्ग ने विद्या भारती विद्यालय के कार्यों की भूरि भूरि प्रशंसा किया। विद्यालय की विभिन्न वीरांगनाओं का अभिनय प्रस्तुत किया। प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता का संचालन आचार्या सीमा पांडेय द्वारा किया गया। किरन झा को (संगीत), स्वाति शुक्ला को (शिक्षा) एवं सुधा तिवारी को (सामाजिक कार्य) के नाते विशिष्ट सम्मान प्रदान किया गया।
आभार प्रदर्शन आचार्या ज्योति तिवारी और संचालन उर्मिला शुक्ला ने किया। इस मौके पर अवरीश कुमार, अवनि कुमार शुक्ल, मंगली प्रसाद तिवारी, विजय कुमार सिंह, बैजनाथ त्रिपाठी एवं समस्त विद्यालय परिवार सहित 298 मातृ शक्ति उपस्थित रहीं।
