नववर्ष आत्ममंथन, सकारात्मक सोच और नए संकल्पों का समय : आनंदीबेन पटेल

Amrit Vichar Network
Published By Deepak Mishra
On

लखनऊ। उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल को नववर्ष 2026 के अवसर पर राजभवन में कार्यरत अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर राज्यपाल ने सभी को नववर्ष की हार्दिक बधाई देते हुए कहा कि नया वर्ष आत्ममंथन, सकारात्मक सोच और नए संकल्पों का समय है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक व्यक्ति को अच्छे विचार अपनाने, अच्छा कार्य करने और परिवार के साथ-साथ अपने स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखना चाहिए। असंतुलित खान-पान और गलत आदतों से दूर रहना आज की बड़ी आवश्यकता है। 

राज्यपाल ने कहा कि नववर्ष पर हम सभी को यह संकल्प लेना चाहिए कि अपने स्तर पर बीमारियों को दूर करने और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने की दिशा में प्रयास करें। बिना मेहनत के सफलता संभव नहीं है, इसलिए लक्ष्य की प्राप्ति के लिए निरंतर परिश्रम आवश्यक है। उन्होंने नकारात्मक सोच छोड़कर सकारात्मक दृष्टिकोण अपनाने का आह्वान किया। कार्यक्रम के दौरान राज्यपाल ने अपनी हाल की गुजरात यात्रा के अनुभव साझा करते हुए राष्ट्रीय फोरेंसिक विज्ञान विश्वविद्यालय, राष्ट्रीय रक्षा विश्वविद्यालय तथा इसरो स्पेस एप्लीकेशन सेंटर के भ्रमण को प्रेरणादायक बताया। 

उन्होंने कहा कि इन संस्थानों में विकसित फोरेंसिक, साइबर सुरक्षा, राष्ट्रीय सुरक्षा और अंतरिक्ष तकनीकें देश को वैज्ञानिक और तकनीकी रूप से सशक्त बना रही हैं। भारत आज उपग्रहों के माध्यम से नवीन तकनीकों से जुड़ चुका है और इस दिशा में निरंतर प्रयास करते रहना होगा। उन्होने कहा कि इन संस्थानों में विकसित कौशल को उत्तर प्रदेश के बच्चों और युवाओं के लिए अवसरों में बदलना आवश्यक है। 

इसी उद्देश्य से राजभवन परिसर स्थित विद्यालय में इसरो-प्रेरित विशेष लैब की स्थापना की जा रही है, जिससे विद्यार्थियों को आधुनिक तकनीकी ज्ञान मिलेगा और वे भविष्य के लिए तैयार हो सकेंगे। इस अवसर पर मुख्य सचिव एस.पी. गोयल ने बताया कि उत्तर प्रदेश के 66 प्रतिशत विश्वविद्यालय नैक से एक्रेडिटेड हैं, जो राज्य के लिए गर्व की बात है। उन्होंने इसके लिए राज्यपाल महोदया के मार्गदर्शन को महत्वपूर्ण बताया।कार्यक्रम में राजभवन के अधिकारी-कर्मचारी एवं अन्य गणमान्यजन उपस्थित रहे।  

संबंधित समाचार