शिकायतों के निस्तारण में भी बिजली विभाग का वोल्टेज लो, तय समय के बाद भी प्रदेश भर में 13,210 शिकायतें लंबित
1912 पर उपभोक्ताओं ने दर्ज कराई थी शिकायतें
लखनऊ, अमृत विचार: उपभोक्ताओं की शिकायतों के निस्तारण में भी बिजली विभाग को वोल्टेज लो दिख रहा है। टोल फ्री नंबर 1912 पर प्रदेश भर से दर्ज कराई गईं 13,210 शिकायतें तय समय बाद भी निस्तारित नहीं की जा सकी हैं।
वर्टिकल व्यवस्था के तहत उपभोक्ताओं को बिजली उपकेंद्रों के बजाय टोल फ्री नंबर 1912 पर शिकायत दर्ज कराने के निर्देश दिए गए हैं। लेकिन हकीकत यह है कि 1912 पर दर्ज की गई बड़ी संख्या में शिकायतों का समय सीमा के भीतर निस्तारण नहीं हो पा रहा है। वर्टिकल व्यवस्था लागू होने के बाद लेसा लखनऊ में 2,470 और केस्को कानपुर में 3,165 शिकायतें अब भी समय सीमा पार होने के बावजूद लंबित हैं। यही स्थिति प्रदेश के अन्य जिलों की भी है। लखनऊ, मेरठ, गाजियाबाद, नोएडा, मुरादाबाद, सहारनपुर, अलीगढ़, बरेली समेत कई जिलों में यह व्यवस्था लागू है, लेकिन उपभोक्ताओं को इसका कोई लाभ नहीं मिल पा रहा। आरोप हैं कि 1912 सेवा पर दक्ष कर्मचारियों की भारी कमी है, जिसके कारण शिकायतों का समय से निस्तारण नहीं हो रहा। पावर कॉरपोरेशन ने एक जनवरी से सुधार के नाम पर लखनऊ और नोएडा से 1912 की सेंट्रलाइज्ड सेवा शुरू की, लेकिन इसके बावजूद हालात जस के तस बने हुए हैं। वहीं राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद ने वर्टिकल व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए कहा है कि पावर कॉरपोरेशन को बिजली उपभोक्ताओं पर शोध के काम को बंद करना चाहिए। परिषद ने आगे कहा कि यह व्यवस्था न तो व्यावहारिक है और न ही उपभोक्ताओं के हित में। यदि यही व्यवस्था जारी रही तो आने वाली गर्मियों में प्रदेश के 3 करोड़ 62 लाख बिजली उपभोक्ताओं को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है। परिषद अध्यक्ष अवधेश ने लंबित शिकायतों की जांच कराने की मांग की है।
मियाद बीतने के बाद लंबित शिकायतें
डिस्कॉमवार
मध्यांचल- 3,618
पूर्वांचल- 2,213
पश्चिमांचल- 2,064
केस्को- 3,165
दक्षिणांचल: 2,150
