Kanpur Crime News : तीन युवकों ने फंदा लगाकर दी जान, परिजनों में मचा कोहराम

Amrit Vichar Network
Published By Deepak Mishra
On

कानपुर, अमृत विचार। पनकी में स्क्रैप कारोबारी ने शेयर मार्केट में पैसा डूबने पर फांसी लगाकर जान दे दी। पिता ने खेत बेचकर प्लाट खरीदने के लिए पैसा जमा किया था, जिसे बेटे ने शेयर मार्केट में निवेश कर गंवा दिया। इससे वह परेशान था। शुक्रवार शाम दोस्त के घर पहुंचा, वहीं कमरे में खुद को अकेला पाकर आत्महत्या कर ली। ड्यूटी से दोस्त के लौटने पर परिजनों को घटना का पता चला। पुलिस ने जांच कर शव पोस्टमार्टम भेजा। 

मूलरूप से बांदा के अतर्रा ओरध निवासी भरतलाल खेती-किसानी करते हैं। उनके दो बेटों में बड़ा 36 वर्षीय संजय कुमार त्रिपाठी दो साल से किदवईनगर के-ब्लाक में परिवार के साथ किराए पर रह रहा था और स्क्रैप का कारोबार करता था। परिवार में पत्नी लक्ष्मी व बेटा राघव है। छोटे भाई राहुल ने बताया कि संजय शेयर मार्केट में निवेश करते थे। जिसके चलते काफी पैसा बर्बाद कर चुके थे। 

अभी कुछ दिन पहले पिता ने गांव में कुछ जमीन बेची थी। उसके 12 लाख रुपये भी संजय के संयुक्त खाते में जमा कराया था। वह पैसा भी उसने शेयर मार्केट में निवेश कर दिया। पैसे डूबने पर वह इन दिनों से काफी परेशान चल रहा था। कारोबार भी ठीक नहीं चल रहा था। उसे डर था कि जब पैसे पिता मांगेंगे तो क्या जवाब देगा। 

पिता उसके लिए कानपुर में जमीन खरीदकर मकान बनवाना चाहते थे। इसी तनाव में शुक्रवार दोपहर बाद वह पनकी यार्ड निवासी अपने मित्र धर्मेंद्र से मिलने गया था। वहीं खाना खाया और लेट गया। धर्मेंद्र के ड्यूटी चले जाने पर खुद को अकेला पाकर उसने वहीं फांसी लगा ली। जब धर्मेंद्र लौटा तो उसने संजय को फंदे पर लटका पाया। 

इस पर परिजनों के साथ पुलिस को खबर दी। पुलिस को मौके से एक सुसाइड नोट भी मिला है, जिसमें लिखा है कि मैने पिता की रकम बर्बाद कर दी। बहुत आहत हूं। प्लाट का पैसा गंवा दिया। पुलिस के अनुसार युवक ने शेयर मार्केट में पैसा डूबने पर यह कदम उठाया है।

युवक ने फंदा लगाकर दी जान

नौबस्ता में युवक ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। आवास विकास हंसपुरम निवासी 45 वर्षीय अरविंद शुक्ला चकरपुर मंडी में आढ़त पर मुनीम थे। परिवार में पत्नी गोमती, दो बच्चे आर्यन व खुशी हैं। बड़े भाई विनोद, संतोष ने बताया कि शुक्रवार रात 10 बजे वह मंडी से लौटे थे। इसके बाद नीचे कमरे में आराम करने लगे। बच्चे ऊपर कमरे में थे। चाय-राश्ता, खाना देने के बाद पत्नी भी बच्चों के पास कमरे में थी। 

सभी लोग सो गए, इसी बीच देर रात अरविंद ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। सुबह जब परिजन नीचे उतरे तो शव फंदे से लटका देख चींख पड़े। सूचना पर पुलिस ने जांच कर शव पोस्टमार्टम भेजा। परिजनों के अनुसार किसी तरह की कोई समस्या नहीं थी। किस वजह से यह कदम उठाया, इसका कारण स्पष्ट नहीं है। 

घरेलू कलह में युवक ने दी जान 

महाराजुपर में घरेलू कलह के चलते युवक ने फांसी लगाकर खुदकुशी कर ली। सरसौल के धेवली निवासी 22 वर्षीय राम करन खेती-किसानी करते थे। परिवार में पत्नी राधा और छह माह की बेटी है। बड़े भाई शिव करन ने बताया कि डेढ साल पहले उसकी शादी हुई थी। परिवार में आएदिन कलह होती थी। जिसके चलते उसने यह कदम उठाया है। चाचा मुन्नी लाल के अनुसार शुक्रवार को काम से लौटने के बाद वह गांव में स्थित अपने दूसरे मकान पर गया था। वहीं उसने फांसी लगा ली। परिजनों को पता चलने पर पुलिस को सूचना दी।

संबंधित समाचार