CM सामूहिक विवाह से वंचित पात्र उठा सकते हैं लाभः तीन साल बाद फिर शुरू हुई शादी अनुदान योजना, मिला बजट
लखनऊ, अमृत विचार : प्रदेश सरकार की शादी अनुदान योजना फिर से शुरू हो गई है। जिले में समाज कल्याण विभाग को 859 लाभार्थियों के लिए 171.8 लाख रुपये बजट मिला है। विभाग ने ऑनलाइन आवेदन मांगे हैं। योजना का लाभ उन जरूरतमंदों को भी मिलेगा, जो मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह से किसी कारण वंचित रह जाते हैं।
जिला समाज कल्याण अधिकारी अंजनी कुमार सिंह ने बताया कि शादी अनुदान योजना काफी पुरानी है। बेटी की शादी होने से 90 दिन पहले या फिर शादी होने के बाद 90 दिन तक पिता द्वारा आवेदन करने पर 20 हजार रुपये मिलते हैं। इस योजना का जरूरतमंदों को काफी लाभ मिला है। इसको देखते हुए सरकार ने योजना फिर से संचालित कर दी है। अनुसूचित जाति के 572 लाभार्थियों के लिए 114.4 लाख रुपये और 287 सामान्य वर्ग के लाभार्थियों के लिए 57.4 लाख रुपये बजट मिला है। जरूरतमंद ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। यदि कोई लाभार्थी मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना से किसी कारण वंचित होता है तो वह शादी अनुदान योजना के लिए आवेदन करे। लेकिन, लाभ एक ही योजना का मिलेगा।
मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना में मर्ज हुई थी योजना
दरअसल, मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना में सरकार द्वारा गरीब जोड़ों का धूमधाम से विवाह कराया जाता है। लड़की को गृहस्थी का सामान देने के साथ उसके खाते में धनराशि भेजी जाती है। इस योजना के सफल संचालन पर तीन साल से शादी अनुदान योजना का बजट जारी नहीं हुआ और इसे बंद करके मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह में मर्ज करके धनराशि बढ़ाई गई थी।
