बाराबंकी : अभिषेक सिंह बोले- शिक्षक हितों से कोई समझौता नहीं

Amrit Vichar Network
Published By Deepak Mishra
On

शीघ्र अतिशीघ्र हो समस्त परिषदीय शिक्षकों का वेतन भुगतान

बाराबंकी, अमृत विचार। चल-अचल संपत्ति विवरण को लेकर जारी हालिया शासनादेश से परिषदीय शिक्षकों में फैले भ्रम को लेकर अब स्थिति स्पष्ट होने लगी है। आदेश के अध्ययन से सामने आया है कि यह प्रावधान राज्य कर्मचारियों पर लागू है, न कि परिषदीय विद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों पर। इसके बावजूद जमीनी स्तर पर इसे परिषदीय शिक्षकों से जोड़कर देखा गया, जिससे वेतन और सेवा शर्तों को लेकर चिंता बढ़ी।

इस संबंध में प्राथमिक शिक्षक संघ बाराबंकी के जिलाध्यक्ष अभिषेक सिंह ने वित्त एवं लेखाधिकारी संतोष कुमार मौर्या और जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी नवीन कुमार पाठक से वार्ता कर स्पष्ट किया कि परिषदीय शिक्षक राज्य कर्मचारी नहीं हैं, अतः यह आदेश उन पर लागू नहीं होता। बिना स्पष्ट शासनादेश के संपत्ति विवरण को वेतन से जोड़ना शिक्षक हितों के प्रतिकूल है।

इस मुद्दे पर प्रांतीय संगठन ने भी आपत्ति दर्ज कराते हुए चेतावनी दी है कि यदि आदेश को परिषदीय शिक्षकों पर लागू करने का प्रयास हुआ तो संगठित व लोकतांत्रिक विरोध किया जाएगा। शिक्षक हितों से कोई समझौता नहीं होगा। वित्त एवं लेखाधिकारी ने मार्गदर्शन पत्र भेजे जाने और बीएसए ने सकारात्मक रुख अपनाते हुए शीघ्र समाधान का आश्वासन दिया है। शिक्षक संगठनों ने शासन से स्पष्ट निर्देश जारी करने की मांग की है, ताकि शिक्षक भ्रममुक्त होकर अपने शैक्षणिक दायित्व निभा सकें।

संबंधित समाचार