देवरिया : कोर्ट के आदेश पर दुष्कर्म पीड़िता का मेडिकल बोर्ड की निगरानी में कराया गया गर्भपात
देवरिया। उत्तर प्रदेश में देवरिया की एक अदालत के आदेश पर नाबालिग दुष्कर्म पीड़िता का मेडिकल बोर्ड की निगरानी में बुधवार को मेडिकल कॉलेज में डाक्टरों ने गर्भपात कराया। न्याय विभाग के सूत्रों के अनुसार नवम्बर 2025 में एक नाबालिग लड़की के साथ दुष्कर्म की घटना हुई थी तथा पुलिस ने इस मामले में मुकदमा दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो) वीरेंद्र सिंह की अदालत में पीड़िता की मां ने जनवरी माह में प्रार्थना पत्र देकर अवगत कराया था कि नाबालिग पीड़ित गर्भवती हैं और इससे उसकी शारीरिक तथा मानसिक स्थित ठीक नहीं है। उसने अदालत से गर्भपात की अनुमति मांगी। अदालत के आदेश के बाद मेडिकल बोर्ड से जांच कराकर मेडिकल बोर्ड की रिपोर्ट कोर्ट में दाखिल की गई।
सूत्रों के अनुसार पीड़िता की मेडिकल रिपोर्ट तथा उच्चतम न्यायालय के प्रासंगिक निर्णयों और संबंधित कानूनी प्रावधानों पर विचार के बाद अदालत ने माना कि यौन हमले के मामलों में पीड़िता को गर्भ समापन की अनुमति देना न्यायोचित है। 16 फरवरी को अदालत ने आदेश दिया कि पीड़िता का गर्भ समापन विधिक और चिकित्सीय मानकों के अनुरूप, उसके जीवन व स्वास्थ्य की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए मेडिकल बोर्ड की निगरानी में कराया जाए।
स्वास्थ्य विभाग के सूत्रों के अनुसार अदालत के आदेश पर नाबालिग पीड़िता को देवरिया में मेडिकल कॉलेज में भर्ती किया गया और बुधवार को महिला डाक्टरों की टीम की देखरेख में पूरी प्रक्रिया संपन्न हुई। मेडिकल कॉलेज के मुख्य चिकित्सा अधीक्षक (सीएमएस) डा.एचकेमिश्र ने गुरुवार को बताया कि अदालत के निर्देश पर प्रक्रिया पूरी की गई है।
