जीएसटी फर्जीवाड़ा : नोएडा पुलिस ने कर चोरी के मामले में एक व्यक्ति को किया आरेस्ट
नोएडा। उत्तर प्रदेश के नोएडा सेक्टर 58 थाना पुलिस और अपराध नियंत्रण दल ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए फर्जी कंपनी बनाकर करोड़ों रुपये की वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) की चोरी करने वाले गिरोह के एक वांछित आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी के कब्जे से एक मोबाइल फोन, एक टैबलेट और दो फर्जी आधार कार्ड भी बरामद किए गए हैं।
पुलिस ने शुक्रवार को बताया कि अपराध नियंत्रण दल और नोएडा सेक्टर 58 थाना पुलिस ने स्थानीय आसूचना और इलेक्ट्रॉनिक निगरानी की मदद से कार्रवाई करते हुए गुरुवार को आरोपी रोहन गुप्ता (25) को सेक्टर 62 स्थित छोटा डी पार्क से गिरफ्तार किया। पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी ने अपने साथियों के साथ मिलकर कई फर्जी कंपनियां बनाकर जीएसटी विभाग को बड़ा चूना लगाया।
आरोपियों ने वर्ष 2024-25 के दौरान बिना किसी वास्तविक खरीद-फरोख्त के लगभग एक करोड़ चौहत्तर लाख से अधिक रुपये का बोगस आईजीएसटी क्लेम किया। जांच में पता चला कि आरोपियों ने मैसर्स के.एस. इंटरप्राइजेज के नाम से जीएसटी पोर्टल पर ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन कराया और इसके बाद आलम इंटरप्राइजेज, के.एस. इंटरप्राइजेज, सीपी ट्रेडर्स और ट्रेडियोग्राफी नाम से कई फर्जी कंपनी तैयार कर लीं।
इन फर्मों के माध्यम से कागजों पर ही माल की खरीद और बिक्री दिखाकर फर्जी इनवॉइस तैयार किए गए। इस पूरी प्रक्रिया में बिना किसी वास्तविक आपूर्ति के एक फर्म से दूसरी कंपनी को माल की खरीद-बिक्री दिखाकर इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) क्लेम किया जाता था। इसी फर्जी लेनदेन के आधार पर आरोपियों ने जीएसटी विभाग से बोगस आईजीएसटी का क्लेम कर करोड़ों रुपये की टैक्स चोरी की।
मामले में राज्यकर अधिकारी खंड 9 नोएडा की शिकायत पर 25 अक्टूबर 2025 को सेक्टर 58 थाना में मुकदमा दर्ज किया गया था। गहन जांच और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी अपने साथियों के साथ मिलकर फर्जी दस्तावेज तैयार करता था और उन्हीं के आधार पर फर्मों को जीएसटी में पंजीकरण कराता था।
इसके बाद कागजों पर फर्जी सप्लाई दिखाकर बोगस आईटीसी क्लेम किया जाता था। फिलहाल पुलिस आरोपी के अन्य साथियों की तलाश कर रही है और पूरे गिरोह के नेटवर्क की जांच की जा रही है। इस संबंध में सेक्टर 58 थाना में मुकदमा दर्ज है।
