योगी कैबिनेट में 22 प्रस्तावों पर लगी मुहर, शिक्षामित्रों और अनुदेशकों का बढ़ाया मानदेय, जानिए कितनी हुई बढ़ोत्तरी
लखनऊः मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई उत्तर प्रदेश कैबिनेट की बैठक में शिक्षकों और शिक्षा क्षेत्र से जुड़े कर्मियों के लिए महत्वपूर्ण फैसला लिया गया।
कैबिनेट ने शिक्षामित्रों का मासिक मानदेय 10 हजार से बढ़ाकर 18 हजार रुपये और अंशकालिक अनुदेशकों का मानदेय 9 हजार से बढ़ाकर 17 हजार रुपये करने को मंजूरी दे दी है। नया बढ़ा हुआ मानदेय 1 मई 2026 से लागू होगा।
शिक्षा मंत्री का बयान
बैठक के बाद बेसिक शिक्षा मंत्री संदीप सिंह ने बताया कि 2017 में भाजपा सरकार बनने के समय शिक्षामित्रों का मानदेय मात्र 3,500 रुपये था, जिसे पहले 10 हजार रुपये किया गया और अब इसे 18 हजार रुपये कर दिया गया है।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस बढ़ोतरी की घोषणा पहले ही कर दी थी, जिसके बाद आज कैबिनेट में औपचारिक मंजूरी मिल गई।
मंत्री ने यह भी बताया कि प्रदेश के स्कूलों में 27 हजार से अधिक अंशकालिक अनुदेशक कार्यरत हैं। उनकी मेहनत को देखते हुए उनके मानदेय में भी 8 हजार रुपये की बढ़ोतरी की गई है।
बैठक में अन्य अहम फैसले
कैबिनेट की बैठक में कुल 22 प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। इनमें एक महत्वपूर्ण प्रस्ताव छात्रों को वितरित करने के लिए 25 लाख टैबलेट की खरीद का भी शामिल है।
वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने बताया कि अब तक प्रदेश में 60 लाख स्मार्ट फोन और टैबलेट छात्रों को दिए जा चुके हैं। अब अतिरिक्त 25 लाख टैबलेट खरीदने की मंजूरी मिल गई है, जिससे डिजिटल शिक्षा को और मजबूती मिलेगी।
यह फैसला शिक्षामित्रों और अंशकालिक अनुदेशकों के लिए बड़ी राहत और सम्मान का प्रतीक माना जा रहा है। योगी सरकार का यह कदम शिक्षा क्षेत्र में कार्यरत कर्मियों के मनोबल को बढ़ाने और बेहतर शिक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने की दिशा में महत्वपूर्ण है।
बैठक में परिवहन विभाग से जुड़े कई अहम प्रस्तावों को स्वीकृति दी गई। राज्य सरकार ने पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (पीपीपी) मॉडल पर 49 नए बस अड्डों के निर्माण को हरी झंडी दे दी है। इससे पहले पहले चरण में 23 बस अड्डों की प्रक्रिया शुरू की जा चुकी है। नई स्वीकृतियों के साथ अब प्रदेश के 52 जनपद इस योजना के दायरे में आ जाएंगे। प्रस्तावित बस अड्डों को आधुनिक सुविधाओं से लैस करते हुए एयरपोर्ट की तर्ज पर विकसित किया जाएगा।
इसके अलावा बस अड्डों के निर्माण के लिए विभिन्न जनपदों में सरकारी भूमि उपलब्ध कराने के प्रस्तावों को भी मंजूरी दी गई है। हाथरस जनपद के सिकंदराराऊ कस्बे में कृषि विभाग की 2 हेक्टेयर भूमि निःशुल्क बस अड्डे के लिए उपलब्ध कराई जाएगी। बुलंदशहर के डिबाई क्षेत्र में सिंचाई विभाग की भूमि तथा बलरामपुर के तुलसीपुर में लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) की भूमि बस अड्डा निर्माण के लिए हस्तांतरित किए जाने को स्वीकृति दी गई है।
