बरेली: कृषि कानून के विरोध में गरजे किसान
अमृत विचार, बरेली। कृषि कानून के विरोध में गुरुवार को भी किसानों का अनशन जारी रहा। क्रमिक अनश्न के अंतिम दिन जिला सचिव अवधेश गुर्जर ने उपवास रखकर कृषि कानून वापस लेने की बात कही। तीन बजे के करीब किसान नेताओं ने राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट को सौंपा। धरना स्थल पर किसान नेता …
अमृत विचार, बरेली। कृषि कानून के विरोध में गुरुवार को भी किसानों का अनशन जारी रहा। क्रमिक अनश्न के अंतिम दिन जिला सचिव अवधेश गुर्जर ने उपवास रखकर कृषि कानून वापस लेने की बात कही। तीन बजे के करीब किसान नेताओं ने राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट को सौंपा।
धरना स्थल पर किसान नेता डॉ. रवि नागर ने कहा कि मोदी सरकार तानाशाही दिखा रही है। पिछले 28 दिनों से इस देश का अन्नदाता आंदोलित है, परेशान है, दुखी है। इसके बाद भी भाजपा सरकार पर किसी तरह का असर नहीं हुआ है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार अपने गुरुर में किसानों की आवाज दबाना चाहती है, लेकिन ऐसा नहीं होगा। देश के अन्नदाताओं को पूजीपतियों के इशारों पर सरकार बर्बाद करना चाह रही है।
उनकी मांगों पर भी ध्यान नहीं दिया जा रहा है। किसानों की यह जंग तब तक जारी रहेगी, जबतक उन्हें न्याय नहीं मिल जाता है। इस मौके पर किसान नेता चौधरी श्रीपाल सिंह, मंडल मीडिया प्रभारी हरेंद्र कनौजिया और युवा जिला अध्यक्ष राजेश शर्मा ने भी किसानों को संबोधित किया।
धरने पर चौधरी जगपाल सिंह यादव, पेशकार सिंह, बहोरन सिंह, सुरजा देवी, भावना गंगवार, भारती गंगवार, सुभाष चंद भारद्वाज, तेज प्रताप पटेल, विवेक नागर, मुकेश गुर्जर, असीम बनर्जी, धम्म प्रिय, गिरीश गोस्वामी, सूरज शर्मा, लाला राम गुर्जर, नरेश सिंह समेत दर्जनों किसान मौजूद रहे।
