पश्चिम बंगाल में रिकॉर्ड तोड़ वोटिंग: दूसरे चरण में बरसे वोट, दोनों चरणों का औसत 92% के पार!
कोलकाता : पश्चिम बंगाल में भारी सुरक्षा व्यवस्था के बीच विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण में बुधवार को रिकार्ड 91.62 प्रतिशत मतदाताओं ने अपने मताधिकार का इस्तेमाल किया। इसके साथ ही राज्य में सभी 294 सीटों पर मतदान सम्पन्न हो गया है। पहले चरण में 23 अप्रैल को 152 सीटों पर 93.19 प्रतिशत मतदाताओं ने वोट डाला था। इस तरह दोनों चरणों में कुल मिला कर मतदान 92.47 प्रतिशत रहा जो अब तक का एक नया रिकार्ड है।
दोनों चरणों की मतगणना चार मई को होगी। चुनाव आयोग ने कहा है कि राज्य में यह आजादी के बाद सर्वाधिक मतदान है। मतदान में बढ़चढ़ कर भाग लेने के लिए आयोग ने मतदाताओं का आभार जताया है। दूसरे चरण में 142 सीटों के लिए मतदान सुबह सात बजे शुरु हुआ था और शाम छह बजे तक की निर्धारित अवधि के बाद तक कई स्थानों पर मतदाता कतारों में खड़े थे। इस चरण में महिलाओं की भागीदारी पुरुषों से ज्यादा रही। महिलाओं का मतदान प्रतिशत 92.28 जबकि पुरुषों का 91.07 रहा।
कुछ स्थानों पर प्रतिद्वंद्वी दलों के कार्यकर्ताओं के बीच झड़पों के कारण तनाव और इक्का दुक्का मतदान केंद्रों पर इलेक्ट्रानिक वोटिंग मशीनों के साथ छेड़-छाड़ की शिकायतों के अलावा मतदान कुल मिला कर शांतिपूर्वक सम्पन्न हो गया। चुनाव आयोग के प्राप्त अब तक के आंकड़ों के अनुसार पूर्वी बर्धमान जिले में सबसे अधिक 93.48 प्रतिशत और सबसे कम कोलकाता दक्षिण जिला में 87.39 प्रतिशत मतदान हुआ।
इसके अलावा हुगली जिले में 91.50 प्रतिशत, हावड़ा में 91.17, कोलकाता उत्तर में 89.03, नदिया में 91.45, उत्तर 24 परगना में 91.70, दक्षिण 24 परगना में 91.73 प्रतिशत मतदान हुआ । आयोग ने मतदान को हिंसा और भय से मुक्त रखने तथा स्वतंत्र और निष्पक्ष रूप से कराने के लिए व्यापक इंतजाम किये थे। संवेदनशील इलाकों में केन्द्रीय सशस्त्र पुलिस बलों की सघन तैनाती की गयी थी। केंद्रीय बलों की 2,407 कंपनियों को चुनाव ड्यूटी पर लगाया गया था।
इस चरण में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के निर्वाचन क्षेत्र भवानीपुर में भी मतदान हुआ जहां उनका मुकाबला विधान सभा में विपक्ष के नेता एवं भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के उम्मीदवार सुवेंदु अधिकारी से है। सुवेंदु अधिकारी नंदीग्राम सीट से भी चुनाव लड़ रहे हैं जहा पहले चरण में मतदान हो चुका था। पिछले विधान सभा चुनाव में उन्होंने नंदीग्राम सीट पर ममता बनर्जी को हरा दिया था। राज्य में मुख्य मुकाबला सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस और भाजपा के बीच है। कांग्रेस और वामपंथी दल भी चुनावी अखाड़े में अपनी ताकत आजमा रहे हैं। सुवेंदु अधिकारी को आज कालीघाट इलाके में विरोध का सामना करना पड़ा।
तृणमूल कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने उनके विरुद्ध प्रदर्शन करते हुए "जय बांग्ला" के नारे लगाए। सुवेंदु अधिकारी ने कहा, "मुस्लिम 'जय बांग्ला' के नारे लगा रहे हैं, हिंदू भाजपा के साथ हैं।" भाजपा ने फाल्टा , बजबज तथा डायंड हार्बर क्षेत्र में कुछ मतदान केंद्रों पर ईवीएम में छेड़-छाड़ के आरोप लगाये हैं।
हावड़ा जिले के बाली विधानसभा क्षेत्र में डॉन बास्को और लिलुआ सोहनलाल विद्यालय के बूथ पर ईवीएम में खराबी को लेकर लोग उत्तेजित हो गये थे और वहां स्थिति को नियंत्रित करने के लिए केंद्रीय सुरक्षा बलों को हल्का लाठीचार्ज करना पड़ा। इक्का दुक्का स्थानों पर प्रतिद्वंद्वी दलों के कार्यकर्ताओं के बीच मारपीट की रिपोर्ट भी सामने आयी हैं दिन में मतदान के दौरान कहीं- कहीं हल्की बारिश भी हुई। ऐसी जगहों पर लोग मतदान केंद्राें पर छाता लिए हुए देखे गये।
चुनाव के दूसरे चरण में 142 विधानसभा सीटों के लिए चुनाव में 1448 उम्मीदवार हैं। इस चरण में 41001 मतदान केन्द्रों (39301 मुख्य और 1700 सहायक मतदान केन्द्र) पर मतदान प्रक्रिया पूरी होने के बाद उम्मीदवारों के अभिकर्ताओं की निगरानी में ईवीएम को सील करके मतगणना के लिए निर्धारित स्थलों पर बनाये गये स्ट्रांग रूम तक कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच पहुंचाया गया है। इस चरण में 25083 मतदान केंद्र ग्रामीण इलाकों में और 14218 शहरी इलाकों में थे। इनमेें 258 मॉडल मतदान केन्द्र थे।
इस चरण में 8845 मतदान केन्द्रों का प्रबंध पूरी तरह महिलाएं कर रही थीं। इस चरण में सर्विस मतदाता सहित कुल 3.22 करोड से अधिक मतदाता थे जिनमें 1.64 करोड़ पुरुष, 1.57 करोड़ महिलाएं और 792 उभयलिंगी शामिल थे। राज्य में कुल कुल 6.44 करोड़ मतदाता हैं।
