Bareilly:बिनावर तक 37 किमी के सड़क में 11 डायवर्जन, कैसे दौड़ें वाहन, पास होकर भी दूर हुआ गंगा एक्सप्रेस वे

Amrit Vichar Network
Published By Monis Khan
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बरेली, अमृत विचार। बरेली-मथुरा रोड पर चौड़ीकरण की कहानी भी अजीब नजर आ रही है। न तो काम रफ्तार पकड़ रहा और न वाहन ही निर्धारित स्पीड को छू पा रहे हैं। सड़क की हालत ऐसी है कि बिनावर गंगा एक्सप्रेस एंट्री प्वाइंट तक 37 किमी की दूर में 11 डायवर्जन झेलने पड़ रहे हैं। इसकी वजह से एक लेन में दोनों ओर का ट्रैफिक दौड़ाया जा रहा है। हादसों का डर सता रहा है। जाम भी लग रहा है। 30 मिनट का सफर डेढ़-डेढ़ घंटे में पूरा हो रहा है। हाइवे चौड़ीकरण कार्य धीमी गति से चलता देख हर कोई सिस्टम को कोस रहा हे।

मथुरा-वृंदावन और आगरा, अलीगढ़ कनेक्टिंग रूट होने की वजह से बदायूं-कासगंज रोड पर पहले से ही ट्रैफिका का काफी दबाव था। गंगा एक्सप्रेस वे शुरू हो जाने की वजह से बरेली-पीलीभीत से रोज बड़ी संख्या में वाहन बिनावर एंट्री प्वाइंट का रुख कर रहे हैं। चौड़ीकरण कार्य जारी होने के चलते बदायूं रोड पर जगह-जगह डावर्जन कर वाहन गुजारे जा रहे हैं। अमृत विचार की पड़ताल में सामने आया कि बदायूं रोड पर रामगंगा पुल से थोड़ा आगे बढ़कर चाढ़पुर, कोनी, मकरंदपुर, भोलापुर, भमोरा, सिरोही, रसूलपुर और बरेखड़ा सहित 11 जगहों पर डायवर्जन रिकॉर्ड किए गए हैं। कई स्थान

कहीं धार्मिक स्थलों के विस्थापन का पेंच फंसा है, तो कहीं कार्यदायी संस्था की ढिलाई से काम अटका है। सड़क की खस्ताहाली और धूल के गुबार के बीच जगह-जगह बेतरतीब डायवर्जन से रोज वाहन सवार परेशान रहे हैं। स्कूली गाड़ियों से पढ़ने जाने वाले बच्चे भी मुश्किल झेल रहे हैं। राहगीरों का कहना है कि पहले बरेली से बिनावार तक का सफर पहले 30-35 मिनट में आसानी से पूरा हो जाता था, लेकिन अब डेढ़ से भी ज्यादा लग रहा है। परेशान लोग शासन-प्रशासन और एनएचएआई से चौड़ीकरण कार्य में तेजी लाने की गुहार लगा रहे हैं, ताकि जितना जल्दी हो, आफत से पीछा छूट सके। तब तक डाइवर्जन प्वाइंटस पर यातायात सुचारू बनाए रखने को पुलिस कर्मियों की ड्यूटी लगाए जाने की मांग भी उठाई जा रही है।

सोनू, दुकानदार ने बताया कि बदायूं रोड पर बेतरतीब डायवर्जन की वजह से हर वक्त धूल उड़ती रहती है, जिससे सांस लेना मुश्किल हो गया है। एनएचएआई को कम से कम पानी का छिड़काव तो करना ही चाहिए। 

नेमचंद्र मौर्य के मुताबिक अक्सर काम से बरेली से बदायूं जाना होता है। इस हाईवे पर डायवर्जन इतने ऊबड़-खाबड़ हैं कि बाइक चलाना दूभर है। बरेली से बदायूं तक एक घंटे का सफर दो घंटे में पूरा होता है।

गृहणी बेबी मौर्य ने बताया कि परिवार के साथ मथुरा जा रहे थे, लेकिन रास्ते की हालत देखकर पछता रहे। धूल और जाम ने तो परिवार के लोगों की हालत ही बेहद खराब कर दी। साइन बोर्ड भी ठीक से नहीं लगे हैं।

ट्रक चालक अर्जुन का कहना है कि ड्राइवर होने के नाते हर खासकर रात के समय में मुड़ते समय डर लगा रहता है। डायवर्जन बहुत संकरे हैं। जरा सी चूक हुई तो जाम लग जाता है और फिर घंटों निकलना मुश्किल है। 

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