बरेली: सरकार का संदेश लेकर किसानों के बीच पहुंचे सहगल
अमृत विचार, बरेली। हर जिले में कृषि कानूनों के विरोध को थामने के लिए सरकार ने नोडल अधिकारियों को मैदान में उतारा है। बरेली में नवनीत सहगल पुलिस प्रशासनिक अधिकारियों के साथ बैठक कर किसानों की हर समस्या का समाधान कराने के लिए रणनीति बना रहे हैं। सोमवार को नोडल अधिकारी बहेड़ी पहुंचे। मंडी में …
अमृत विचार, बरेली। हर जिले में कृषि कानूनों के विरोध को थामने के लिए सरकार ने नोडल अधिकारियों को मैदान में उतारा है। बरेली में नवनीत सहगल पुलिस प्रशासनिक अधिकारियों के साथ बैठक कर किसानों की हर समस्या का समाधान कराने के लिए रणनीति बना रहे हैं। सोमवार को नोडल अधिकारी बहेड़ी पहुंचे।
मंडी में सिख किसानों के साथ बैठकर उनसे पंजाबी में बात की और उनका दुख-दर्द जाना। अपनेपन का अहसास कराते हुए यूपी-उत्तराखंड सीमा के पास बहेड़ी कस्बे से कृषि कानूनों के विरोध में उतरे सिख किसानों को संदेश देने की कोशिश की।
मंडी में किसानों ने धान क्रय न होने पर रोष जताया। कहा कि पांच दिन से धान तुलवाने के लिए खड़े हैं। किसानों ने अधिकारियों की लापरवाही उजागर की। किसानों की पीड़ा देख सहगल ने अधिकारियों को जमकर फटकारा। किसानों को बताया कि आपके हर दुख-दर्द को दूर करने के लिए सरकार ने मुझे भेजा है।
नोडल अधिकारी ने कई किसानों के मोबाइल में अपना नंबर भी फीड कराया। साथ ही किसानों से बोले-मैं कहीं भी रहूं, मुझे अपनी बात लिखकर भेजते रहें। उन्होंने एफसीआई के अधिकारियों को तत्काल और कांटे लगवाकर तौल जल्द कराने के निर्देश दिये।
इस दौरान कई किसानों ने उत्तराखंड स्थित धौरा डैम से पानी न छोड़े जाने की शिकायत की।
इसमें नोडल अधिकारी ने जल्द हल निकालने की बात कही। इसके बाद नोडल अधिकारी गुड़वारा ग्राम पंचायत पहुंचे। यहां बोले-मै आपके बीच हूं, विरासत में कोई दिक्कत तो नहीं। इस पर गांव के वीरेंद्र ने बताया कि साहब, उनकी मां कैकेई की मौत के 15 साल पहले हुई थी। आज तक विरासत नहीं बनी। इस पर नोडल अधिकारी ने सख्त नाराजगी जताते हुए एसडीएम राजेश चंद्र को संबंधित लेखपाल सस्पेंड करने के निर्देश दिये।
