BRICS सम्मेलन में भारत की बड़ी पहल, जलवायु संकट से निपटने के लिए तैयार होगा नया नीति ढांचा

Amrit Vichar Network
Edited By Anjali Singh
On

दिल्ली। ब्रिक्स देशों के बीच जलवायु परिवर्तन और आपदा प्रबंधन को लेकर आयोजित बैठक में सुरक्षित और आपदा-रोधी शहरों के निर्माण पर चर्चा हुई। बैठक में इस बात पर जोर दिया गया कि शहरी विकास की योजना और उसके क्रियान्वयन में स्थानीय समुदायों को शामिल किया जाना चाहिए, ताकि शहरों को हर वर्ग के लिए सुरक्षित बनाया जा सके।

कमजोर वर्गों की सुरक्षा पर विशेष फोकस

राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एनडीएमए) के सदस्य और विभाग प्रमुख कृष्णा स्वरूप वत्स ने बताया कि ब्रिक्स आपदा जोखिम न्यूनीकरण (डीआरआर) समूह की बैठकों में कई महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा हुई। उन्होंने कहा कि सबसे अहम मुद्दों में से एक शहरों की योजना और विकास में समुदायों की भागीदारी सुनिश्चित करना रहा। खासतौर पर कमजोर सामाजिक-आर्थिक पृष्ठभूमि वाले लोगों की सुरक्षा और जरूरतों को ध्यान में रखने पर जोर दिया गया।

जलवायु खतरों से निपटने के लिए तैयार होगा ढांचा

भारत की अध्यक्षता में ब्रिक्स देशों ने जलवायु-अनुकूल और आपदा-रोधी शहरी बुनियादी ढांचे के लिए स्वैच्छिक सिद्धांत-2026 के लिए सहयोगी नीतिगत ढांचा तैयार किया है। एनडीएमए के नेतृत्व में तैयार किए जा रहे इन दिशा-निर्देशों का उद्देश्य तेजी से बढ़ते पर्यावरणीय खतरों से सार्वजनिक सेवाओं, लोगों की सुरक्षा और शहरी बुनियादी ढांचे को बचाने के लिए एक मजबूत रोडमैप तैयार करना है। हालांकि, ये दिशा-निर्देश बाध्यकारी नहीं होंगे।

बाढ़, गर्मी और आपात स्थितियों पर भी चर्चा

बैठक में ब्रिक्स देशों की ओर से शुरू किए गए विभिन्न नवाचारों और कार्यक्रमों पर भी चर्चा की गई। इसके अलावा शहरों में बाढ़ की निगरानी, भीषण गर्मी से निपटने की रणनीति और अन्य आपदाओं के प्रभाव को कम करने के उपायों पर विचार-विमर्श हुआ। वत्स ने बताया कि अलग-अलग देशों के अनुभवों से सीख लेकर शहरी स्तर पर बेहतर आपदा प्रबंधन की योजनाएं तैयार करने पर जोर दिया गया।

24 जुलाई को मंत्री स्तर की बैठक में होगा फैसला

ब्रिक्स डीआरआर समूह की तीसरी बैठक 22 और 23 जुलाई को आयोजित होगी। इसके बाद तैयार होने वाले अंतिम दस्तावेज को 24 जुलाई को होने वाली मंत्री-स्तरीय बैठक में औपचारिक मंजूरी दी जाएगी। इस पहल को जलवायु परिवर्तन के बढ़ते खतरे के बीच दुनिया के बड़े विकासशील देशों के बीच आपदा प्रबंधन सहयोग की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

ये भी पढ़ें : 
रथ यात्रा के बीच एनिमेटेड फिल्म ‘महाप्रभु जगन्नाथ’ पर ब्रेक, हाईकोर्ट ने रिलीज पर लगाई रोक

संबंधित समाचार