बरेली: सर्वे टीम को व्यापारियों ने खदेड़ा, जाम लगाकर मांगी ‘भीख’
अमृत विचार, बरेली। स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट से बनने वाले कुतुबखाना ओवरब्रिज के खिलाफ व्यापारियों का गुस्सा फूट पड़ा है। आक्रोशित दुकानदारों ने मंगलवार को सर्वे करने पहुंचे सेतु निगम, बिजली विभाग और जलकल के कर्मचारियों को दौड़ा लिया। टीम जान बचाकर उल्टे पांव भाग खड़ी हुई। गुस्साए व्यापारियों ने सड़क जाम कर विरोध प्रदर्शन करते …
अमृत विचार, बरेली। स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट से बनने वाले कुतुबखाना ओवरब्रिज के खिलाफ व्यापारियों का गुस्सा फूट पड़ा है। आक्रोशित दुकानदारों ने मंगलवार को सर्वे करने पहुंचे सेतु निगम, बिजली विभाग और जलकल के कर्मचारियों को दौड़ा लिया। टीम जान बचाकर उल्टे पांव भाग खड़ी हुई।
गुस्साए व्यापारियों ने सड़क जाम कर विरोध प्रदर्शन करते हुए नारेबाजी की। करीब एक घंटे तक चले विरोध-प्रदर्शन के कारण चौराहे के हर तरफ जाम लग गया। वाहनों की लंबी कतार में मरीज लेकर जिला अस्पताल जा रही एक एंबुलेंस भी फंस गई। किसी तरह एंबुलेंस को रास्ता देकर निकाला गया। व्यापरियों के हंगामे की सूचना पर पहुंची कोतवाली पुलिस ने उन्हें शांत कराने के बाद जाम खुलावाया। तब जाकर राहगीरों ने राहत की सांस ली।
प्रस्तावित कुतुबखाना ओवरब्रिज को लेकर विरोध का स्वर तेज हो गया है। अब तक अफसरों और नेताओं से शिकायत और गुहार लगाने वाले व्यापारी सड़कों पर उतर आए हैं। दोपहर करीब 1 बजे कुतुबखाना क्षेत्र के व्यापारियों ने पुल के विरोध में चौराहा जाम कर दिया। आक्रोशित व्यापारियों ने कटोरे लेकर भीख मांगने का प्रतीकात्मक प्रदर्शन किया।
उन्होंने दुकानदारी चौपट होने का आरोप लगाते हुए नगर निगम और सेतु निगम के खिलाफ नारेबाजी की। व्यापारियों के प्रदर्शन से कुतुबखाना क्षेत्र के मुख्य मार्ग सहित गलियों में भी जाम लग गया। व्यापारियों का कहना है कि अगर पुल का निर्माण हुआ तो उनका कारोबार पूरी तरह से ठप हो जाएगा। इसी बीच जिला अस्पताल से आने वाली एक एंबुलेंस व्यापारियों के प्रदर्शन की वजह से जाम में फंस गई लेकिन उसे कुछ समय बाद ही रास्ता देकर जाने दिया गया।
मेयर के खिलाफ नारेबाजी
स्मार्ट सिटी के प्रोजेक्ट पुल बनने के प्रस्ताव के कारण व्यापारियों ने मेयर के खिलाफ नारेबाजी की। उनका कहना था कि नगर निगम और सेतु निगम की हठधर्मिता से पुल का निर्माण हो रहा है। अगर पुल बनाने का प्रस्ताव वापस नहीं लिया गया तो वह विरोध-प्रदर्शन जारी रखेंगे।
विरोध मे बंद कर दीं दुकानें
कुतुबखाना पर ओवरब्रिज बनाये जाने का विरोध करने से पहले स्थानीय व्यापरियों ने अपनी दुकानें बंद करने के बाद चौराहे पर जमा होकर विरोध प्रदर्शन किया। विरोध के चलते पूरी बाजार के व्यापारी अपनी दुकानें बंद करके कुतुबखाना चौराहे पर जमा हो गए। उसके बाद नगर निगम और सेतु निगम के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
पुल की जरूरत नहीं है। जगह कम होने से पुल निर्माण से और दिक्क्त हो जाएगी। बाजार की खरीदारी भी कम हो जाएगी। पुल के लिए काम होने से लोगों को भी दिक्कतों का सामना करना पड़ेगा। पुलिस अगर रिक्शा, ई-रिक्शा और वाहनों को खड़ा न होने दे तो जाम की समस्या खुद हल हो जाएगी।
– सय्यद अख्तर हुसैन, व्यापारी कोहाड़ापीर
दुकानदार इस समय में मंदी की मार झेल रहा है। दुकान पर काम करने वालों की सैलरी भी नहीं निकाली जा रही है। पुल बनने से और भी दिक्कत होगी। नगर निगम और सेतु निगम पुल को बनाकर ट्रैफिक कंट्रोल करे जिससे खुद ही जाम की समस्या खत्म हो जाएगी।
– चौधरी अहमद मियां, व्यापारी, कोहाड़ापीर
कोविड की वजह से काम पहले से मंदा है। अब पुल के निर्माण से पूरी तरह बंद हो जाएगा। पहले से ही शहर में जगह-जगह गड्ढे खोदे गए हैं। अब नए निर्माण होने से लोगों को और भी दिक्कत का सामना करना पड़ेगा।
– प्रीतपाल सिंह, व्यापारी, कोहाड़ापीर
पुल नहीं बनना चाहिए। बाजार में जो भीड़ है वो मार्केट की भीड़ है। पुल बनने के बाद भी नीचे की भीड़ कम नहीं होगी। पुल के निर्माण से काम पूरी तरह से बंद हो जाएगा। इससे दो से तीन साल तक काम पूरी तरह से बंद हो जाएगा।
-अर्पित अग्रवाल, दुकानदार, कोहाड़ापीर
