Budaun News : कावंडियों के नंगे पांव में जख्म दे रहे सड़कों पर बने गड्ढे, अब तक नहीं चेते जिम्मेदार

Amrit Vichar Network
Edited By Pradeep Kumar
On

बारिश में बहा पैचवर्क, गड्ढों में गिरकर घायल हो रहे शिवभक्त, कावंड यात्रा से पूर्व सड़कों को सही करने का दावा हवा हवाई हुआ साबित

शहर के बाईपास, नवादा चौकी लिंक रोड और आंवला मार्ग सहित कई जगह उखड़ी पड़ी हैं सड़कें

बदायूं, अमृत विचार। सावन मास में जारी कांवड़ यात्रा के बीच जनपद की सड़कों की बदहाली ने प्रशासनिक दावों की पूरी तरह पोल खोल दी है। जिन मार्गों से होकर हजारों शिवभक्त नंगे पांव जल लेकर गुजर रहे हैं, उन्हीं रास्तों पर जगह-जगह बने गड्ढे उनके पैरों में जख्म दे रहे हैं। हालात इतने खराब हैं कि कांवड़ मार्ग अब भक्ति के बजाय पीड़ा का रास्ता बन गया है, लेकिन जिम्मेदार विभाग अब तक चेते नहीं हैं।

बरेली-बदायूं मार्ग, शहर के बाईपास, नवादा चौकी लिंक रोड और आंवला मार्ग पर सड़कें कई जगह से उखड़ चुकी हैं। बड़े-बड़े गड्ढों में बारिश का पानी भर जाने से वे दिखाई नहीं देते और कांवड़ियों के पैर सीधे उनमें पड़ रहे हैं। नंगे पांव चलने वाले शिवभक्तों को हर कदम पर चोट लग रही है। कई कांवड़ियों के पैरों में छाले और कटने की शिकायतें सामने आ रही हैं।

कांवड़ यात्रा से पहले लोक निर्माण विभाग की ओर से मार्गों को दुरुस्त करने के दावे किए गए थे, लेकिन जमीनी हकीकत इससे बिल्कुल अलग है। जिन स्थानों पर पैचवर्क किया गया, वह पहली ही बारिश में बह गया। कई प्रमुख मार्गों पर तो मरम्मत का काम शुरू तक नहीं हुआ। ऐसे में यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।

बाईपास के बिसौली रोड चौराहा, आसरा आवास कट और बिल्सी रोड कट जैसे पॉइंट सबसे ज्यादा खतरनाक बने हुए हैं। यहां गड्ढों के साथ जलभराव और फिसलन से हादसों का खतरा लगातार बना हुआ है। रात के समय स्थिति और भी भयावह हो जाती है, जब पानी से भरे गड्ढे दिखाई नहीं देते। शिवभक्तों में इसको लेकर आक्रोश साफ दिख रहा है। कई कांवड़ियों का कहना है कि हर साल यात्रा से पहले सड़कों को ठीक करने का दावा किया जाता है, लेकिन जमीनी स्तर पर कोई ठोस काम नजर नहीं आता। नंगे पांव चलना मुश्किल हो गया है, हर कदम पर दर्द और खतरा है। सड़कों की यह स्थिति तब है जब कावंड यात्रा से पूर्व सड़कों को सही करने के आदेश शासन प्रशासन के द्वारा लोक निर्माण विभाग को दिए गए। लेकिन सड़कों के गड्ढे भरने के स्थान पर कागजों में गड्ढे भर दिए गए। 

हादसों का बढ़ता खतरा
कई प्रमुख मार्गों पर अभी तक मरम्मत शुरू तक नहीं हुई है। कांवड़ यात्रा अपने चरम पर है, लेकिन सड़कों की हालत जस की तस बनी हुई है। सड़कों में बने गड्ढों और जलभराव के कारण छोटे-बड़े हादसे लगातार सामने आ रहे हैं। दोपहिया वाहन चालक फिसलकर गिर रहे हैं, वहीं कांवड़ियों के घायल होने की घटनाएं भी बढ़ रही हैं। 

कांवड़ मार्गों की मरम्मत कराई गई थी, लेकिन लगातार बारिश के चलते कुछ स्थानों पर सड़क क्षतिग्रस्त हो गई है। संबंधित टीमों को निर्देश दिए गए हैं और जल्द ही सभी खराब स्थानों पर पैचवर्क कराया जाएगा, ताकि कांवड़ियों को परेशानी न हो। - वंदना सोनकर, अधिशासी अभियंता, लोक निर्माण विभाग। 

ये भी पढ़ें - Bareilly News : हरियाली तीज की बहार, मां भर रहीं बेटियों में संस्कार

संबंधित समाचार