बरेली: डायवर्जन के नौ दिन पूरे, ईसाइयों की पुलिया तक खुदाई को सिर्फ 24 घंटे
अमृत विचार, बरेली। बियावानी कोठी से ईसाइयों की पुलिया तक सीवर लाइन डालने के लिए सेतु निगम ने ट्रैफिक पुलिस ने 10 दिन का समय मांगा था। ट्रैफिक पुलिस ने 18 फरवरी से रूट डायवर्जन लागू कर दिया था। वाहन चालकों को दिक्कत न हो, इसके लिए ट्रैफिक पुलिस ने सेना से अनुमति लेकर सेटेलाइट …
अमृत विचार, बरेली। बियावानी कोठी से ईसाइयों की पुलिया तक सीवर लाइन डालने के लिए सेतु निगम ने ट्रैफिक पुलिस ने 10 दिन का समय मांगा था। ट्रैफिक पुलिस ने 18 फरवरी से रूट डायवर्जन लागू कर दिया था। वाहन चालकों को दिक्कत न हो, इसके लिए ट्रैफिक पुलिस ने सेना से अनुमति लेकर सेटेलाइट से बियावानी कोठी तक का रास्ता भी 10 दिनों के लिए खुलवा दिया।
रूट डायवर्जन को नौ दिन पूरे हो चुके हैं। अभी तक चंद कदमों की दूरी तक ही खुदाई का कार्य हो सका है। ऐसे में एक बार फिर से पुलिस को सेना से रास्ता खोले रहने के लिए आग्रह करना होगा। यदि रास्ता बंद हो गया तो फिर लोगों को जाम से जूझना पड़ेगा। इस हिस्से में दिक्कत की वजह से दूसरे हिस्से में भी जाम लग रहा है। शनिवार को ईट पजाया चौराहा पर जाम लग गया।
बियावानी कोठी के आगे 18 फरवरी की रात से खुदाई शुरू होनी थी, लेकिन काम दो दिन बाद शुरू हो चुका। एक सप्ताह में करीब 100 मीटर तक ही काम हो चुका है। जबकि बियावानी कोठी से ईसाईयों की पुलिया तक करीब 500 मीटर की दूरी है। इसी तरह से काम हुआ तो पूरे एक महीने तक यह रास्ता बंद रह सकता है।
इसी तरह से गांधी उद्यान से बियावानी कोठी तक के रास्ते को भी 10 दिन के लिए बंद करने की अनुमति मांगी गई थी लेकिन रास्ता उसके बाद ही खुल सका था। खुदाई का काम अभी तक पूरा नहीं हो सका है। गांधी उद्यान से चौकी चौराहा तक अभी काम चल रहा है। इसकी वजह से एक ही रास्ते पर वाहन निकलने की वजह से यातायात का दबाव रहता है और कभी-कभी जाम भी लग जाता है।
आखिर कहां से जाएं वाहन चालक
शहर के आधा हिस्से में निर्माण कार्यों की वजह से लोगों को जाने में दिक्कत हो रही है। ऐसा कोई स्थान नहीं बचा है जहां फ्लाईओवर या सीवर लाइन की वजह से खुदाई न हुई हो। इसके अलावा निर्माण सामग्री भी सड़क पर डाली जा रही है। एक जगह रास्ता खुल नहीं पाता है कि दूसरी जगह पहले ही बंद कर दिया जाता है। ट्रैफिक पुलिस भी सोच में पड़ जाती है कि आखिरकार रूट डायवर्जन कहां से किया जाए।
ईसाईयों की पुलिया से लेकर बियावानी कोठी, गांधी उद्यान, चौकी चौराहा तक जगह-जगह रूट डायवर्जन है। चौकी चौराहा से चौपुला तक एक तरफ से वाहन जा सकते हैं। चौपुला फ्लाईओवर के नीचे भी दिक्कतें लगातार हो रही हैं। सिटी स्टेशन रोड पर भी खुदाई की वजह से एक तरफ ही वाहन गुजर रहे हैं। चौपुला चौराहा से पटेल चौक तक एक ही तरफ वाहन गुजर रहे हैं। पटेल चौक पर बीच सड़क पर खुदाई का काम शुरू करके गड्ढा छोड़ दिया गया है।
पटेल चौक से बरेली कॉलेज तक भी वाहनों को निकलने में दिक्कत हो रही है। बरेली कॉलेज के सामने रोडवेज जाने वाला रास्ता करीब एक सप्ताह से बंद है। बिहारीपुर में भी रास्ता सीवर लाइन की वजह से बंद है। वाहन चालक एक रास्ते से होकर गुजरते हैं और आगे चलकर कब कहां से डायवर्ट कर दिए जाएं कुछ पता नहीं रहता है।

रास्ते में डाल दिए पाइप तो लगने लगा जाम
आईजी ऑफिस की तरफ से आने वाले वाहन गांद्यी उद्यान की तरफ आसानी से गुजर जाते थे। मोड़ तक सीवर लाइन की खुदाई की वजह से रास्ता बंद हो गया है। इसके अलावा मुख्य चौराहा से आईजी ऑफिस की तरफ जाने वाले वाहनों को भी गुजरने में दिक्कत हो रही है, क्योंकि इस रास्ते पर पाइप डाल दिए गए हैं।
इसकी वजह से रास्ता छोटा हो गया है। दूसरे तरफ से आने वाले वाहन भी इधर से ही गुजर रहे हैं। इससे जाम लगने लगा है। गांधी उद्यान के पास सीवर लाइन की खुदाई की वजह से पानी की पाइप लाइन भी टूट गई। मजदूरों ने बाल्टी से पानी बाहर निकाला।
घोड़ा बटालियन रास्ते को खोलने के लिए 10 दिन की अनुमति मांगी थी। वाहन चालकों को दिक्कत न हो, इसको लेकर एक बार फिर से सेना के अधिकारियों से वार्ता की जाएगी। -राम मोहन सिंह, एसपी ट्रैफिक
