विदेश निर्मित टीकों को मंजूरी देने के मामले पर राहुल बोले- भारत अब साबित कर रहा कि समय के साथ पिछड़ना संभव
नई दिल्ली। कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने विदेश में निर्मित कोविड रोधी टीकों के भारत में उपयोग को मंजूरी देने की तैयारी को लेकर बुधवार को महात्मा गांधी के एक कथन का हवाला देते हुए सरकार पर कटाक्ष किया। उन्होंने महात्मा गांधी के एक चर्चित कथन को उद्धृत करते हुए ट्वीट किया, ”पहले …
नई दिल्ली। कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने विदेश में निर्मित कोविड रोधी टीकों के भारत में उपयोग को मंजूरी देने की तैयारी को लेकर बुधवार को महात्मा गांधी के एक कथन का हवाला देते हुए सरकार पर कटाक्ष किया। उन्होंने महात्मा गांधी के एक चर्चित कथन को उद्धृत करते हुए ट्वीट किया, ”पहले वे तुम्हारी उपेक्षा करेंगे, फिर तुम पर हंसेंगे, फिर वो तुमसे लड़ेंगे, फिर तुम जीत जाओगे।”
उधर राहुल गांधी ने एक अन्य ट्वीट में संविधान निर्माता डॉक्टर भीमराव आंबेडकर की जयंती पर उन्हें याद किया। उन्होंने वर्तमान केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि भारत अब साबित कर रहा है कि समय के साथ पिछड़ जाना संभव है। उन्होंने कहा, ”आज हम बाबा साहेब को याद करते हैं जिन्होंने ऐसे मुश्किल सवाल हल किए जिनसे हमारे देश को प्रगति की राह पर चलने में मदद मिली।”
दरअसल, राहुल गांधी ने कुछ दिनों पहले सरकार से आग्रह किया था कि विदेश में निर्मित टीकों के भारत में उपयोग को अनुमति दी जाए। इसके बाद केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद ने उन पर विदेशी कंपनियों के लिए लॉबिंग करने का आरोप लगाया था। गौरतलब है कि टीकों की उपलब्धता बढ़ाने और देश में टीकाकरण की गति तेज करने के मकसद से केंद्र सरकार ने अन्य देशों में आपात इस्तेमाल के लिए अधिकृत, विदेश निर्मित कोविड-19 टीकों को मंजूरी देने की प्रक्रिया तेज कर दी है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने मंगलवार को यह जानकारी दी।
मंत्रालय ने कहा कि इस प्रकार के विदेश निर्मित टीकों के पहले 100 लाभार्थियों के स्वास्थ्य पर सात दिन नजर रखी जाएगी, जिसके बाद देश में टीकाकरण कार्यक्रम में इन टीकों का इस्तेमाल किया जाएगा।
बंगाल और इसकी संस्कृति को बर्बाद करने का प्रयास कर रही है भाजपा: राहुल गांधी
कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने ”सोनार बांग्ला” (स्वर्णिम बंगाल) बनाने के भाजपा के दावे को ”धोखा” करार देते हुए बुधवार को कहा कि भगवा पार्टी के पास नफरत, हिंसा और भाषा, धर्म, जाति तथा पंथ के आधार पर लोगों को बांटने के अलावा देने के लिये कुछ नहीं हैं। बंगाल में अपनी पहली चुनावी रैली के दौरान राहुल गांधी ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर भी निशाना साधा और कहा कि उनकी पार्टी ने कभी टीएमसी की तरह भाजपा और आरएसएस से गठजोड़ नहीं किया। ममता बनर्जी की पार्टी टीएमसी पहले भाजपा नीत राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन का हिस्सा रह चुकी है।
राहुल गांधी ने कहा, ”भाजपा बंगाल की संस्कृति और विरासत को मिटाना और इसे बांटना चाहती है। असम में वे यही कर रहे हैं। तमिलनाडु में वे अपने गठबंधन साझेदार अन्नाद्रमुक के साथ मिलकर ऐसा करने का प्रयास कर रहे हैं। भाजपा के पास नफरत, हिंसा और विभाजनकारी राजनीति के अलावा देने के लिये कुछ नहीं है।” ”सोनार बांग्ला” बनाने के भाजपा के नारे का मजाक उड़ाते हुए राहुल गांधी ने इसे धोखा करार दिया और कहा कि वे ”हर राज्य में यही सपना बेचते हैं।” कांग्रेस नेता ने कहा, ”वे प्रत्येक राज्य में सोनार बांग्ला जैसी बात कहते हैं। लेकिन लोगों को धर्म, जाति और भाषा के आधार पर बांटते रहते हैं।”
राहुल गांधी ने बंगाल में ”कट मनी” की समस्या की निंदा करते हुए कहा, ”आपने टीएमसी को मौका दिया, लेकिन वह नाकाम रही। लोगों को रोजगार के लिये दूसरे राज्यों में जाना पड़ा। यह एकमात्र राज्य है, जहां आपको नौकरी पाने के लिये कटमनी देना पड़ता है।” कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष ने टीएमसी के ”खेला होबे” (खेल होगा) नारे का मजाक उड़ाते हुए कहा कि लोगों की सेवा करना और खेल खेलना दोनों अलग-अलग बाते हैं।
उन्होंने कहा, ”हमने कभी भाजपा और आरएसएस से समझौता नहीं किया। हमारी लड़ाई राजनीतिक ही नहीं बल्कि विचारधारा की भी है। ममता बनर्जी के लिये यह केवल राजनीतिक लड़ाई है।” राहुल गांधी ने कहा, ”भाजपा अच्छी तरह जानती है कि कांग्रेस उसके सामने हथियार नहीं डालेगी। लिहाजा उसने कांग्रेस मुक्त भारत का नारा लगाया। उन्होंने कभी टीएमसी मुक्त भारत का नारा नहीं दिया, क्योंकि वह उसकी पुरानी गठबंधन साझेदार है।” राहुल गांधी ने लोगों से बंगाल में विकास के नए युग की शुरुआत के लिये कांग्रेस-आईएसएफ-वाम गठबंधन को वोट देने की अपील की।
