बरेली: वीकेंड लॉकडाउन में सड़कों पर सन्नाटा, मोहल्लों में दिखी रौनक
बरेली, अमृत विचार। शहर की सड़कों पर वीकेंड लाकडाउन के चलते दिन भर सन्नाटा पसरा रहा। सिविल लाइंस में मेडिकल स्टोर के अलावा कोई भी दुकान या शोरूम नहीं खुला। रोडवेज के पास कुछ फल वालों के ठेले लगे थे। सिर्फ वही घर से निकला, जिसे कोई जरूरी काम था, बाकी लोग घरों से खुद …
बरेली, अमृत विचार। शहर की सड़कों पर वीकेंड लाकडाउन के चलते दिन भर सन्नाटा पसरा रहा। सिविल लाइंस में मेडिकल स्टोर के अलावा कोई भी दुकान या शोरूम नहीं खुला। रोडवेज के पास कुछ फल वालों के ठेले लगे थे। सिर्फ वही घर से निकला, जिसे कोई जरूरी काम था, बाकी लोग घरों से खुद ही बाहर नहीं निकले।
मुख्य चौराहों व सड़कों पर तो सन्नाटा पसरा रहा लेकिन गलियों में लोग ताश खेलते नजर आए और चबूतरों पर बैठकर किस्सा कहानियां सुनाते रहे। वहीं पंचायत ड्यूटी पर जाने वाले पुलिसकर्मी पुलिस लाइन से जाते आते दिखे।
शुक्रवार रात से सोमवार सुबह तक के लाकडाउन लगाने का फरमान आने के बाद शनिवार सुबह से लेकर देर शाम तक कम ही लोग मुख्य सड़कों पर नजर आए। गिने चुने वाहन ही सड़कों पर दौड़ते नजर आए। लेकिन जिन्हें काम था वह लोग ई-रिक्शा, ऑटो, कार और बाइकों से आते-जाते रहे।

वहीं सिविल लाइंस का बाजार पूरी तरह से बंद रहा। राजेंद्रनगर और प्रेमनगर के बाजार भी बंद रहे। हालांकि पुलिस सड़क से नदारद दिखी। कुछ चौराहों पर होमगार्ड लोगों को रोकते टोकते रहे। वहीं गली मोहल्लों में लोग आम दिनों के तरह घरों के बाहर आए। साहदाना, आजमनगर, कालीबाड़ी और गंगापुर की गलियों में बच्चे खेलते और बड़े लोग चौराहों पर बैठकर बाते करते रहे।
पुलिस के चुनाव में व्यस्त होने की वजह से सख्ती नहीं हो सकी लेकिन खुद ही लोगों ने लॉकडाउन का पालन किया। दिन में तो लाकडाउन का पूरी तरह से असर दिखाा लेकिन शाम के वक्त मोहल्लों में चहल पहल शुरू हो गई। पुलिस की गैर मौजूदगी में कई लोग बिना वजह बाहर भी निकले। देर शाम के बाद पुलिस ने गश्त कर सख्ती का प्रयास किया।
