कोरोना से निपटने को सरकार के प्रयास जारी, भारत को रूस से स्पूतनिक वैक्सीन की पहली खेप मिली
नई दिल्ली। केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर और सीमा शुल्क (सीबीआईसी) बोर्ड के मुताबिक भारत को शनिवार को रूस से स्पूतनिक वी वैक्सीन की पहली खेप मिली। सीबीआईसी ने एक ट्वीट में कहा कि हैदराबाद सीमा शुल्क ने रूस से आयातित कोविड-19 वैक्सीन की खेप की निकासी की प्रक्रिया तेजी से निपटायी। सीबीआईसी ने ट्वीट किया, ”हैदराबाद …
नई दिल्ली। केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर और सीमा शुल्क (सीबीआईसी) बोर्ड के मुताबिक भारत को शनिवार को रूस से स्पूतनिक वी वैक्सीन की पहली खेप मिली। सीबीआईसी ने एक ट्वीट में कहा कि हैदराबाद सीमा शुल्क ने रूस से आयातित कोविड-19 वैक्सीन की खेप की निकासी की प्रक्रिया तेजी से निपटायी।
सीबीआईसी ने ट्वीट किया, ”हैदराबाद सीमा शुल्क ने रूस से आयातित स्पूतनिक वी वैक्सीन को शीघ्र निकासी की सुविधा दी।” इस पर वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने ट्वीट में कहा, ”हैदराबाद सीमा शुल्क, समय पर समुचित कार्य। वक्त की मांग है ये।” सरकार ने पिछले महीने कोरोना वायरस संक्रमण के प्रकोप को रोकने के लिए आयातित टीकों के आपातकालीन उपयोग की अनुमति दी थी और उनके आयात पर सीमा शुल्क को माफ कर दिया था।
सरकार ने एक मई से 18 वर्ष से अधिक उम्र के नागरिकों के टीकाकरण की अनुमति भी दी है। रूस ने 11 अगस्त 2020 को कोरोना वायरस की वैक्सीन स्पूतनिक वी को मंजूरी दी थी। इसके बाद सितंबर में डॉ रेड्डीज लैबोरेटरीज और रूसी प्रत्यक्ष निवेश कोष (आरडीआईएफ) ने स्पुतनिक वी के चिकित्सकीय परीक्षण के लिए एक समझौता किया था।
डॉ रेड्डीज को रुसी वैक्सीन के नियंत्रित आपातकालिक उपयोग की अनुमति पहले ही मिल चुकी है। शनिवार को भारत में कोविड19 संक्रमण के 4.01 लाख नए मामले सामने आए जो एक रिकार्ड है। इसके साथ 3,523 लोगों की कोराना से मौत की भी सूचना है।
