कोरोना से ठीक हो चुके मरीजों पर अब मंडरा रहा हार्ट अटैक व ब्रेन स्ट्रोक का खतरा!
अमृत विचार, बरेली। कोरोना को मात देकर स्वस्थ हो चुके संक्रमित मरीजों को अब अन्य बीमारियां घेर रही हैं। शुगर, हार्ट अटैक व ब्रेन स्ट्रोक का खतरा बढ़ गया है। हालांकि, चिकित्सकों का कहना है कि नियमित उपचार के बाद बीमारी से निजात पाया जा सकता है। आमतौर पर कोरोना का वायरस 10 से 12 …
अमृत विचार, बरेली। कोरोना को मात देकर स्वस्थ हो चुके संक्रमित मरीजों को अब अन्य बीमारियां घेर रही हैं। शुगर, हार्ट अटैक व ब्रेन स्ट्रोक का खतरा बढ़ गया है। हालांकि, चिकित्सकों का कहना है कि नियमित उपचार के बाद बीमारी से निजात पाया जा सकता है।
आमतौर पर कोरोना का वायरस 10 से 12 दिन में शरीर से खत्म हो जाता है।
कोरोना के कुछ मामलों में वायरस फेफड़ों में संक्रमण कर देता है या मरीज के रक्त में क्लॉट यानि खून के थक्के जम जाते हैं। यह ब्रेन स्टोक या हार्ट अटैक का कारण भी बन सकता है। हालांकि, राहत की बात ये है कि अभी तक जिले में ऐसे मामले सामने नहीं आए हैं।
नगर स्वास्थ्य अधिकारी व एसीएमओ डा.अशोक कुमार ने बताया कि कोरोना संक्रमितों के ठीक होने के बाद शरीर में कमजोरी काफी ज्यादा रहती है। उनमें ब्लैक फंगस के भी मामले लगातार सामने आ रहे हैं। ऐसे में घबराने की जरूरत नहीं है। मरीज को चिकित्सक के संपर्क में रहकर नियमित उपचार कराना चाहिए।
300 बेड कोविड अस्पताल के प्रभारी सीएमएस डा.वागीश वैश्य के मुताबिक कोरोना को हराकर स्वस्थ्य होने वाले व्यक्तियों को कमजोरी की समस्या रहती है। ऐसे में मानसिक रूप से मजबूत रहने की आवश्यकता होती है। बताया, जो पहले से मधुमेह के रोगी है, उन्हें सतर्क रहने की ज्यादा जरूरत है।
