मुरादाबाद: डकैती के दो खुलासे, रिकार्ड में एक भी वारदात नहीं
मुरादाबाद, अमृत विचार। पुलिस के खेल भी गजब हैं। जब घटना होती है तो चोरी या लूट बताई जाती है। लेकिन, इन्हीं घटनाओं का जब खुलासा किया जाता है तो डकैती बन जाती हैं। ऐसा हम नहीं कह रहे, बल्कि पुलिस के आंकड़े यह सच्चाई बयां कर रहे हैं। पुलिस रिकॉर्ड में वर्ष 2021 में …
मुरादाबाद, अमृत विचार। पुलिस के खेल भी गजब हैं। जब घटना होती है तो चोरी या लूट बताई जाती है। लेकिन, इन्हीं घटनाओं का जब खुलासा किया जाता है तो डकैती बन जाती हैं। ऐसा हम नहीं कह रहे, बल्कि पुलिस के आंकड़े यह सच्चाई बयां कर रहे हैं।
पुलिस रिकॉर्ड में वर्ष 2021 में लूट की चार घटनाएं तो दर्ज हैं। लेकिन, डकैती की एक भी वारदात दर्ज नहीं है। यह तब है, जबकि पुलिस डकैती की दो वारदातों का सफल अनावरण भी कर चुकी है। सवाल उठता है कि जब डकैती हुई ही नहीं तो फिर खुलासा कैसे हो गया।
डकैती की पहली वारदात 10/11 फरवरी की रात मैनाठेर थाना क्षेत्र में थाने से चंद कदमों की दूरी पर हुई थी। दूसरी घटना बिलारी कोतवाली क्षेत्र में स्टेशन रोड निवासी पालिका ठेकेदार के घर हुई थी। पुलिस के रिकॉर्ड में दोनों ही घटनाएं दर्ज नहीं हैं। जबकि इन दोनों घटनाओं को खुलासा पुलिस ने डकैती के रूप में किया था।
केस-1
मैनाठेर थानाक्षेत्र में रहने वाले होम्योपैथिक चिकित्सक जयवंश के घर 10/11 फरवरी की रात बदमाशों ने धावा बोल दिया था। सीने में दर्द का बहाना बनाकर घर में घुसे आधा दर्जन बदमाश करीब 40 हजार रुपये की नकदी और 45 तोला सोना लूटकर ले गए थे। बदमाशों ने घर में मौजूद सदस्यों को हथियारों के बल पर बंधक बना लिया था।
डॉक्टर का घर मैनाठेर थाने से मात्र 150 मीटर की दूरी पर है। इस घटना के खुलासे के लिए पांच टीमों को लगाया गया था। डकैती की इस घटना को मामूली लूट में दर्ज किया गया था। मगर जब पुलिस ने इसका खुलासा किया तो डकैती बताया गया। इस वारदात को डॉक्टर के एक परिचित ने ही अपने साथियों के साथ मिलकर अंजाम दिया था।
केस-2
बिलारी कोतवाली क्षेत्र में स्टेशन रोड पर स्थित उदय नगर निवासी कुलदीप चौधरी पालिका में ठेकेदारी करते हैं। वह कोरोना संक्रमित हो गए थे। इसके चलते महानगर के निजी अस्पताल में भर्ती थे। घर पर उनकी पत्नी रेनू, तीन बच्चे और सास राजवती थीं। उनके घर 27 अप्रैल को मीटर चैकिंग के बहाने घर में घुसे बदमाश बच्चे की गर्दन पर चाकू रखकर नकदी व जेवर समेत करीब 10 लाख रुपये का माल लूटकर ले गए थे।
रेनू ने बताया था कि एक-एक करके पांच बदमाश घर में घुस आए थे। उन्होंने आधा घंटे तक घर में जमकर उत्पात मचाया था। इस दौरान बदमाशों ने रेनू और उनकी मां राजवती के शरीर पर पहने हुए गहने भी उतरवा लिए थे। डकैती की इस वारदात को भी लूट बताया गया था। इस घटना को मुजफ्फरनगर के गैंग ने अंजाम दिया था। लूट की इस घटना का पुलिस ने जब खुलासा किया तो यह भी डकैती में तब्दील हो गई थी।
तीन वर्ष के तुलनात्मक अपराधों का विवरण
घटना एक जनवरी 21 से 2020 2019
31 मई 21
लूट 4 17 11
हत्या 15 18 19
बलवा 11 12 19
गृहभेदन 34 39 21
वाहन चोरी 135 139 93
अन्य चोरी 115 70 111
फिरौती हेतु अपहरण 0 1 0
