कानपुर: डीजे पर बवाल, पथराव में दुल्हन की बहन की मौत

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Edited By Amrit Vichar
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कानपुर। शहर में बिल्हौर के नानामऊ में शादी समारोह के दौरान डीजे पर नाचने को लेकर झगड़ा हो गया। बवाल इतना बढ़ गया कि मारपीट होने लगी और पथराव शुरू हो गया। इस दौरान दुल्हन की छोटी बहन के पेट में ईंट लगने से वह गंभीर रूप से घायल हो गई। इसके बाद उर्सला हॉस्पिटल …

कानपुर। शहर में बिल्हौर के नानामऊ में शादी समारोह के दौरान डीजे पर नाचने को लेकर झगड़ा हो गया। बवाल इतना बढ़ गया कि मारपीट होने लगी और पथराव शुरू हो गया। इस दौरान दुल्हन की छोटी बहन के पेट में ईंट लगने से वह गंभीर रूप से घायल हो गई। इसके बाद उर्सला हॉस्पिटल में इलाज के दौरान देर रात उसने दम तोड़ दिया। इधर पथराव करने वाले लड़की के गांव के ही दो भाइयों के खिलाफ बिल्हौर पुलिस ने गैर इरादतन हत्या की रिपोर्ट दर्ज करके उनकी तलाश शुरू कर दी है।

नाचने को लेकर हुआ झगड़ा
नानामऊ के मजरा कुशहापुरवा गांवगांव निवासी मलखान सिंह की बड़ी बेटी मुस्कान की रविवार को शादी थी। मलखान के गांव में ही रहने वाले बृजेश और उसके भाई प्योरलाल देर रात डीजे पर नाचने को लेकर बारातियों से झगड़ा हो गया। गाली-गलौज के बाद बृजेश और प्यारेलाल ने पथराव शुरू कर दिया। दुल्हन की आठ साल की बहन मुस्कान के पेट में पथराव के दौरान ईंट लग गई और वह अचेत हो गई।

इससे शादी की खुशियां चीख.पुकार में बदल गई और परिवार के लोग मुस्कान को लेकर कानपुर उर्सला हॉस्पिटल में भर्ती कराया। यहां इलाज के दौरान सोमवार रात को उसने दम तोड़ दिया। लड़की के पिता ने गांव में रहने वाले बृजेश और प्यारेलाल के खिलाफ बिल्हौर थाने में गैर इरादतन हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई है। बिल्हौर थाने के कार्यवाहन थाना प्रभारी रामकुमार शुक्ला ने मंगलवार को बताया कि मामले में एफआईआर दर्ज कर ली गई है। दोनों आरोपियों को गिरफ्तार करने के लिए दबिश दी जा रही है।

इलाज के अभाव में थम गई मुस्कान की सांसें

बच्ची की हालत गंभीर होने के चलते डॉक्टरों ने उसे उर्सला के लिए रेफर कर दिया। परिजन उर्सला पहुंचे तो डॉक्टरों ने अल्ट्रासाउंड बंद होने की बात कहकर हाथ लगाने से इनकार कर दिया। परिजन उर्सला में बेटी को लेकर मंगलवार सुबह अल्ट्रासाउंड कराने का इंतजार कर रहे थे। तभी देर रात बच्ची ने दम तोड़ दिया। परिजनों का आरोप है कि अगर सही समय पर इलाज मिल जाता तो मुस्कान की जान बच जाती।

मौत के बाद जागी पुलिस और दर्ज की एफआईआर

घटना के बाद परिजन बच्ची को लेकर बिल्हौर थाने पहुंचे तो थाने पर मौजूद दरोगा और नानामऊ के हल्का इंचार्ज धर्मेंद्र कुमार ने सुबह आने की बात कहकर टरका दिया। सुबह जाने के बाद भी एफआईआर दर्ज नहीं की। रात में मौत की परिजनों ने पुलिस को जब मौत की जानकारी दी तब पुलिस ने आनन-फानन में एफआईआर दर्ज की। इसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।

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