बरेली: नौकायन शुरू करने के लिए चार करोड़ से होंगे काम
बरेली, अमृत विचार। स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत अक्षर विहार पार्क में बनी झील का जल्द ही कायाकल्प होगा। झील में शीशे की तरह पानी चमकता दिखाई दे, इसके लिए एसटीपी यानी सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट लगाने की तैयारी है। झील को सुंदर बनाने के बाद नौकायन शुरू किया जाएगा। घंटाघर को विकसित करने की योजना …
बरेली, अमृत विचार। स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत अक्षर विहार पार्क में बनी झील का जल्द ही कायाकल्प होगा। झील में शीशे की तरह पानी चमकता दिखाई दे, इसके लिए एसटीपी यानी सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट लगाने की तैयारी है। झील को सुंदर बनाने के बाद नौकायन शुरू किया जाएगा। घंटाघर को विकसित करने की योजना है। काफी समय से इसका रखरखाव न होने से कुतुबखाना में बने इस घंटाघर की स्थिति खराब हो चुकी है। घड़ी की सुईयां भी नहीं चल रही हैं। इन दोनों ही कामों का टेंडर हो चुका है। तीन जुलाई को इनका शिलान्यास किया जाएगा।
अक्षर विहार पार्क में अमृत योजना के तहत करीब 1.23 करोड़ रुपये से सौंदर्यीकरण के काम कराए जा चुके हैं। इस धनराशि से वहां आकर्षक बेंच, हट, चाहरदीवारी सहित कई दूसरे काम कराए जा चुके हैं। अब पार्क के बीचोबीच काफी क्षेत्रफल में बनी झील का भी कायाकल्प करने की योजना है। इस झील में शरद काल में दूसरे देशों से मेहमान पक्षी आते हैं, जो लंबे समय से आकर्षण का केंद्र बने हैं। हालांकि झील में प्रदूषण बढ़ने की वजह से पिछले कई सालों से विदेशी पक्षियों के आने का सिलसिला काफी कम हो गया है।
स्मार्ट सिटी के तहत इस झील के पानी को स्वच्छ रखने के लिए एसटीपी लगाई जानी है। इससे यहां हर वक्त पानी की सफाई होती है। इसके बाद यहां नौका विहार शुरू भी किया जाना है। स्मार्ट सिटी के तहत यह काम करीब 4.10 करोड़ रुपये से होना है। इसके टेंडर हो चुके हैं। कार्यदायी संस्था को अब इस काम को शुरू करना बाकी रह गया है। उधर, कुतुबखाना में बने घंटाघर का सूरते हाल स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत ही बदला जाना है।
इसके लिए करीब एक करोड़ रुपये का काम स्वीकृत होने के साथ उसके टेंडर हो चुके हैं। शहर की खास पहचान रखने वाला घंटाघर काफी समय से उपेक्षित है। घंटाघर का ढांचा कई जगह से उधड़ चुका है और इसकी सुईयों की दौड़ न जाने कब से थमी हुई है। स्मार्ट सिटी के तहत यह दोनों काम तीन जुलाई से शुरू हो जाएंगे।
जल्द शुरू कराये जाएंगे
महाप्रबंधक, स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट संजय चौहान ने बताया कि स्मार्ट सिटी के तहत ये दोनों काम जल्द शुरू कराने की तैयारी चल रही है। टेंडर हो चुके है। कार्यदायी संस्था का चयन कर लिया गया है।
