मायावती ने जासूसी मामले की स्वतंत्र एवं निष्पक्ष रूप से जांच होने की मांग की

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

लखनऊ। बहुजन समाज पार्टी सुप्रीमो मायावती ने इजराइल के स्पाइवेयर ‘पेगासस’ के जरिए कथित जासूसी के मामले की गंभीरता को ध्यान में रखकर उसकी स्वतंत्र एवं निष्पक्ष जांच कराए जाने की मंगलवार को मांग की। बसपा नेता ने ट्वीट किया, ” जासूसी का गंदा खेल तथा ब्लैकमेल आदि कोई नई बात नहीं किन्तु काफी महंगे …

लखनऊ। बहुजन समाज पार्टी सुप्रीमो मायावती ने इजराइल के स्पाइवेयर ‘पेगासस’ के जरिए कथित जासूसी के मामले की गंभीरता को ध्यान में रखकर उसकी स्वतंत्र एवं निष्पक्ष जांच कराए जाने की मंगलवार को मांग की। बसपा नेता ने ट्वीट किया, ” जासूसी का गंदा खेल तथा ब्लैकमेल आदि कोई नई बात नहीं किन्तु काफी महंगे उपकरणों से निजता भंग करके मंत्रियों, विपक्षी नेताओं, अफसरों व पत्रकारों आदि की जासूसी करना अति-गंभीर व खतरनाक मामला है। जिसका भंडाफोड़ हो जाने से यहां देश में भी खलबली व सनसनी फैली हुई है।

” मायावती ने कहा, इसके सम्बंध में केन्द्र की बार-बार अनेकों प्रकार की सफाई, खंडन व तर्क लोगों के गले नहीं उतर पा रहे हैं। सरकार तथा देश की भी भलाई इसी में है कि मामले की गंभीरता को ध्यान में रखकर इसकी पूरी स्वतंत्र व निष्पक्ष जांच यथाशीघ्र कराई जाए ताकि आगे जिम्मेदारी तय की जा सके।” गौरतलब है कि मीडिया संस्थानों के एक अंतरराष्ट्रीय संगठन ने खुलासा किया है कि केवल सरकारी एजेंसियों को ही बेचे जाने वाले इजराइल के जासूसी साफ्टवेयर के जरिए भारत के दो केन्द्रीय मंत्रियों, 40 से अधिक पत्रकारों, विपक्ष के तीन नेताओं और एक न्यायाधीश सहित बड़ी संख्या में कारोबारियों और अधिकार कार्यकर्ताओं के 300 से अधिक मोबाइल नंबर संभवत: हैक किए गए हैं।

इसे भी पढ़ें…

बकरीद पर केरल सरकार की ‘छूट की अनुमति पूरी तरह अनुचित’: उच्चतम न्यायालय

संबंधित समाचार