बरेली: कोरोना जैसे लक्षण दिखा रहा वायरल फीवर

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

बरेली, अमृत विचार। मानसून में वायरल फीवर का प्रकोप बढ़ रहा है। कोरोना संक्रमण की दूसरी लहर के बाद शुरू हुए वायरल फीवर का स्वरूप बदला हुआ है। इस बार बीमारी में कोरोना संक्रमण के लक्षण भी दिख रहे हैं। मरीजों को गले में खराश, बदन दर्द के साथ तेज बुखार हो रहा है। बड़ी …

बरेली, अमृत विचार। मानसून में वायरल फीवर का प्रकोप बढ़ रहा है। कोरोना संक्रमण की दूसरी लहर के बाद शुरू हुए वायरल फीवर का स्वरूप बदला हुआ है। इस बार बीमारी में कोरोना संक्रमण के लक्षण भी दिख रहे हैं। मरीजों को गले में खराश, बदन दर्द के साथ तेज बुखार हो रहा है। बड़ी संख्या में मरीज अस्पताल पहुंच रहे हैं।

जिला अस्पताल की ओपीडी में हर तीसरा मरीज बुखार से पीड़ित है। ओपीडी में बच्चों से लेकर अधेड़ तक वायरल फीवर के कारण बेहाल हैं। कुछ मरीजों में ऑक्सीजन सैचुरेशन भी गिर रहा है। हालांकि ऐसे मरीजों के फेफड़े में कोई खास संक्रमण नहीं मिल रहा है। राहत की बात ये है कि इन मरीजों में अधिकांश की कोरोना संक्रमण रिपोर्ट की एंटीजन निगेटिव ही रह रही है। मंगलवार को जिला अस्पताल की ओपीडी में 700 से अधिक मरीज पहुंचे जिसमें से करीब 350 मरीजों ने फिजिशियनों के पास वायरल फीवर का उपचार व परामर्श लिया।

लंबा चल रहा है बुखार
जिला अस्पताल के वरिष्ठ फिजिशियन डा. बागीश वैश्य ने बताया कि वायरल फीवर का स्वरूप कुछ बदलाव हुआ है। अमूमन वायरल फीवर चार से पांच दिन में ठीक हो जाता था लेकिन इस बार मरीज आठ से 10 दिन तक बुखार की चपेट में रह रहे हैं। इसकी वजह वायरस में म्यूटेशन भी हो सकता है।

दवाओं का हो रहा कम असर
उन्होंने बताया कि कुछ मरीजों में 102 से 104 फॉरेनहाइट तक बुखार मिला है। यह गंभीर है। इसके कारण मरीज अचेत हो जा रहे हैं। उन्हें झटके आने लग रहे हैं। सामान्य दवाओं का असर कम हो रहा है। ऐसे में गंभीर मरीजों को अधिक पावर की दवा दी जा रही है। इसके बाद जाकर बुखार नियंत्रित हो रहा है।

संबंधित समाचार