राज्य कैबिनेट विस्तार में बरेली को मिल सकता है एक मंत्री पद
बरेली, अमृत विचार। संतोष गंगवार के केंद्रीय मंत्री पद से हटने के बाद से बरेली मंत्री विहीन हो गयी है। अब भाजपा नेतृत्व को कुर्मी मतदाताओं को साधे रखने की चिंता सता रही है। भाजपा को लग रहा कि कुर्मी मतदाताओं के बीच अंदरखाने पनप रहा असंतोष नहीं थामा गया तो वोट बंट सकते हैं। …
बरेली, अमृत विचार। संतोष गंगवार के केंद्रीय मंत्री पद से हटने के बाद से बरेली मंत्री विहीन हो गयी है। अब भाजपा नेतृत्व को कुर्मी मतदाताओं को साधे रखने की चिंता सता रही है। भाजपा को लग रहा कि कुर्मी मतदाताओं के बीच अंदरखाने पनप रहा असंतोष नहीं थामा गया तो वोट बंट सकते हैं।
भाजपा कार्यकर्ताओं में भी इस बात का दर्द है कि भाजपा के नौ विधायक वाले जनपद की उपेक्षा क्यों की गयी? केंद्र और न ही राज्य कैबिनेट में बरेली से किसी को मंत्री पद दिया गया है। छन-छनकर तमाम खबरें हाईकमान तक पहुंची हैं। इस बीच राज्य कैबिनेट के विस्तार की चर्चा तेज हो गयी है।
कैबिनेट विस्तार के साथ ही बरेली को एक मंत्री पद मिलने की चर्चा आम हो गयी है। दो विधायकों के नाम चर्चा में हैं लेकिन इनमें एक विधायक का नाम तो गुरुवार को दिनभर सोशल मीडिया पर छाया रहा। भाजपा के सूत्र बताते हैं कि शहर विधायक डा. अरुण कुमार सिटिंग विधायक हैं, इसलिए उन्हें लाभ मिल सकता है। जबकि बहेड़ी विधायक छत्रपाल गंगवार को कुर्मी मतदाताओं को साधने के लिए मंत्री पद दिया जा सकता है।
भाजपा के एक वरिष्ठ पदाधिकारी ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि बरेली के मंत्री विहीन होने की गूंज भाजपा नेतृत्व के कानों तक कई बार पहुंच चुकी है। यह स्वर भी पहुंचे हैं कि यदि कैबिनेट विस्तार में बरेली को जगह नहीं दी गयी तो 2022 के चुनाव में नुकसान उठाना पड़ सकता है। इसलिए बरेली को एक मंत्री पद मिलने की चर्चा तेजी से वायरल हो रही हैं।
