मुरादाबाद: तालाब में उतरा करंट, 12 मवेशी व एक युवक की मौत

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मुरादाबाद/कुंदरकी, अमृत विचार। थाना क्षेत्र के चितेरी गांव से सटे तालाब में हाईटेंशन लाइन का करंट उतर आया। इस से पानी में मौजूद 13 भैंसें और दो ग्रामीण इस की चपेट में आ गए। एक व्यक्ति को बिजली ने दूर फेंक दिया, जबकि दूसरा तालाब से नहीं निकल पाया। 12 मवेशियों के साथ उस की …

मुरादाबाद/कुंदरकी, अमृत विचार। थाना क्षेत्र के चितेरी गांव से सटे तालाब में हाईटेंशन लाइन का करंट उतर आया। इस से पानी में मौजूद 13 भैंसें और दो ग्रामीण इस की चपेट में आ गए। एक व्यक्ति को बिजली ने दूर फेंक दिया, जबकि दूसरा तालाब से नहीं निकल पाया। 12 मवेशियों के साथ उस की भी मौत हो गई। सूचना के बाद भी अधिकारियों ने घटनास्थल पर पहुंचने में काफी देर लगा दी। इस दौरान आक्रोशित गांववासियों ने बिजली विभाग के विरोध में नारेबाजी भी की।

घटना सोमवार की सुबह 10:30 बजे घटी। गांव निवासी इमरत अली पुत्र हमीद और महमूद पुत्र भुल्लन भैंसों को तालाब में नहला रहे थे। तालाब के ऊपर से हाईटेंशन लाइन गुजर रही है। इमरत अली तालाब के अंदर था, जबकि महमूद किनारे पर पशुओं को नहला रहा था। अचानक पोल में स्पार्कलिंग होने लगी और तालाब के पानी में करंट उतर आया।

बताते हैं कि महमूद को बिजली ने दूर फेंक दिया, जबकि इमरत अली और बाकी मवेशी करंट की चपेट में आ गए। यह देख निकट के खेतों में काम कर रहे लोगों में चीखपुकार मच गई। देखते ही देखते वहां पर काफी भीड़ जमा हो गई। गांववासियों ने उप केंद्र पर कॉल कर सप्लाई बंद कराई। लेकिन तब तक तालाब के अंदर मौजूद 12 पशुओं की मौत हो चुकी थी। ग्रामीणों ने इमरत अली को बाहर निकाल कर आनन-फानन में मुरादाबाद के निजी अस्पताल में ले जा कर भर्ती कराया। वहां पर चिकित्सक ने उसे मृत घोषित कर दिया। इस पर परिवार में कोहराम मच गया।

परिवार का इकलौता सहारा था युवक
इमरत अली ईंट भट्ठे पर मजदूरी कर परिवार का भरण-पोषण करता था। उसकी आकस्मिक मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। उस की अचानक मृत्यु होने से पत्नी अफरोज जहां व तीन छोटे-छोटे बच्चों कैफ, सोफिया व अलशिफा बदहवास हालत में हैं। वह पत्नी-बच्चों के साथ परिवार वालों से अलग रहता था। मां फातिमा, भाई महबूब, मोहम्मद, जाफर अली, बाबू और शफीक का भी रोते-रोते बुरा हाल था।

रविवार को होती घटना तो जा सकती थीं कई जानें
गनीमत रही कि हादसा रविवार को नहीं हुआ, क्योंकि अवकाश होने के कारण गांव के बच्चे अपने-अपने मवेशियों को नहलाने के लिए तलाब पर आते हैं। वे सब उन्हें नहलाते हुए पानी मस्ती भी करते हैं। ऐसे में यदि उस दिन सह घटना घटी होती तो कई मासूम भी इसका शिकार हो सकते थे।

इमरत अली के परिवार को जल्द से जल्द परिवारिक योजना का लाभ दिलाया जाएगा। अगर उस का श्रमिक पोर्टल पर पंजीकरण हुआ होगा तो उसके अंतर्गत भी उसे लाभ दिलाया जाएगा। बाकी जिन ग्रामवासियों के मवेशियों की जान इस हादसे में गई है, उन्हें भी क्षतिपूर्ति दिलाई जाएगी। अनुराज जैन, उप जिलाधिकारी

इलेक्ट्रॉनिक सेफ्टी डिपार्टमेंट के जरिए फॉर्म संख्या 44 को भरवा कर भेज दिया गया है। जल्द ही सभी को क्षतिपर्ति दिलवाई जाएगी। विभागीय जांच भी करवाई जा रही है। रिपोर्ट आने के बाद ही पता चल पाएगा कि हादसा किस कारण हुआ। उसके बाद विधिवत कार्रवाई की जाएगी। -विश्वजीत चौधरी, एसडीओ, बिलारी

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