बरेली: गन्ना मूल्य को लेकर किसानों को लगा झटका, उम्मीद 100 रुपये की बढे से सिर्फ 25
बरेली, अमृत विचार। सरकार ने आखिरकार बहुप्रतीक्षित गन्ना मूल्य की घोषणा रविवार को कर दी। चार साल में गन्ना समर्थन मूल्य में 25 रुपये बढ़ाए गए हैं। इससे पहले पेराई सत्र 2017-18 में सरकार ने 10 रुपये की वृद्धि की थी। जबकि, किसान आंदोलन की वजह से किसानों को उम्मीद थी कि सरकार कम से …
बरेली, अमृत विचार। सरकार ने आखिरकार बहुप्रतीक्षित गन्ना मूल्य की घोषणा रविवार को कर दी। चार साल में गन्ना समर्थन मूल्य में 25 रुपये बढ़ाए गए हैं। इससे पहले पेराई सत्र 2017-18 में सरकार ने 10 रुपये की वृद्धि की थी। जबकि, किसान आंदोलन की वजह से किसानों को उम्मीद थी कि सरकार कम से कम 100 रुपये की मूल्य वृद्धि करेगी। सरकार ने गन्ने की अगेती प्रजाति का भाव 325 रुपये से बढ़ाकर 350 रुपये और सामान्य प्रजातियों का भाव 315 से बढ़ाकर 340 रुपये प्रति क्विंटल घोषित किया है।
गन्ना मूल्य में सपा, बसपा से पीछे रह गई भाजपा
प्रदेश की भाजपा सरकार ने गन्ना समर्थन मूल्य में वृद्धि तो की लेकिन फिर भी बसपा और सपा शासन में हुई गन्ना मूल्य बढ़ोतरी से वह बहुत पीछे रह गए। भाजपा सरकार में कुल 35 रुपये प्रति क्विंटल की वृद्धि हुई है। जबकि सपा सरकार में 65 और बसपा ने सर्वाधिक 120 रुपये प्रति क्विंटल की ऐतिहासिक वृद्धि की थी। 2017 से अगर वार्षिक महंगाई दर छह फीसदी जोड़ी जाए तो बिना लाभ के सिर्फ महंगाई के अनुपात गन्ने का मूल्य अब तक 421 रुपये प्रति क्विंटल होना चाहिए था।
कब कितना रहा गन्ना रेट
पेराई सत्र गन्ना रेट सरकार
2012-13 275-280-290 सपा
2013-14 275-280-290 सपा
2014-15 275-280-290 सपा
2015-16 275-280-290 सपा
2016-17 300-305-315 सपा
2017-18 305-315-325 बीजेपी
2018-19 305-315-325 बीजेपी
2019-20 310-315-325 बीजेपी
2020-21 310-315-325 बीजेपी
2021-22 310-340-350 बीजेपी
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