बरेली: मसलके आला हजरत के नारों के बीच लहराया गया रजवी परचम

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

बरेली, अमृत विचार। परचम कुशाई की रस्म और मसलके आला हजरत के नारों के साथ शनिवार को उर्स-ए-रजवी का आगाज हो गया। इस्लामियां इंटर कालेज मैदान के गेट पर दरगाह प्रमुख सुब्हानी मियां ने उलेमा और अकीदतमंदों की मौजूदगी में रजवी परचम लहराया। उर्स-ए-रजवी भले ही इस बार भी शासन की गाइड लाइन के मुताबिक …

बरेली, अमृत विचार। परचम कुशाई की रस्म और मसलके आला हजरत के नारों के साथ शनिवार को उर्स-ए-रजवी का आगाज हो गया। इस्लामियां इंटर कालेज मैदान के गेट पर दरगाह प्रमुख सुब्हानी मियां ने उलेमा और अकीदतमंदों की मौजूदगी में रजवी परचम लहराया। उर्स-ए-रजवी भले ही इस बार भी शासन की गाइड लाइन के मुताबिक मनाया जा रहा हो मगर सीमित संख्या में मौजूद अकीदतमंदों का जोश जुलूस के दौरान उरूज पर था।

मीडिया प्रभारी नासिर कुरैशी ने बताया कि दरगाह स्थित रजा मस्जिद में कुरानख्वानी हुई। रजवी परचम आजम नगर स्थित हाजी अल्लाह बख्श के निवास से सज्जादानशीन मुफ्ती अहसन मियां की कयादत में दरगाह पहुंचा। यहां सलामी देने के बाद परचम उर्स स्थल इस्लामियां इंटर कालेज के मैदान को रवाना किया। जुलूस के दौरान हर किसी के लब पर सिर्फ इश्क मोहब्बत आला हजरत-आला हजरत का नारा था। दरगाह प्रमुख सुब्हानी मियां और सज्जादानशीन मुफ्ती अहसन मियां समेत उलेमा की मौजूदगी में शाम 7 बजे परचम कुशाई की रस्म की गई।

परचम कुशाई के बाद सुब्हानी मियां और अहसन मियां ने देश-दुनिया में अमन, खुशहाली और कोरोना के खात्मे की दुआ की। हाजी गुलाम सुब्हानी और आसिम नूरी ने मिलाद का नजराना पेश किया। जिसका आगाज कारी नोमान रजा ने तिलावत-ए-कुरान से किया। उर्स की व्यवस्था में हाजी जावेद खान, परवेज खान नूरी, औरंगजेब नूरी, शाहिद नूरी, अजमल नूरी, ताहिर अल्वी, सय्यद फैजान अली, जहीर अहमद, मंज़ूर खान, शान रजा, तारिक सईद, आलेनबी, इशरत नूरी, सैयद फरहत, हाजी अब्बास नूरी, अब्दुल वाजिद खान, गौहर खान, अदनान खान आदि का सहयोग रहा।

हामिद मियां के कुल की रस्म हुई अदा
रात 10.35 बजे हुज्जातुल इस्लाम मुफ्ती हामिद रजा खान हामिद मियां साहब का कुल हुआ। मुफ्ती सलीम नूरी बरेलवी ने हुज्जातुल इस्लाम के किरदार पर रोशनी डाली। उन्होंने कहा कि हुज्जतुल इस्लाम ने आला हजरत की लिखी किताबों को दुनिया भर में पहुंचाने का काम किया। मदरसा मंजर-ए-इस्लाम के फरोग के लिए काम किया। वहीं कुल की रस्म के बाद सज्जादानशीन मुफ्ती अहसन मिया ने खुसूसी दुआ की।

आज इन कार्यक्रमों का होगा आयोजन
रविवार को फजर की नमाज के बाद कुरानख्वानी होगी। इसके बाद सुबह 8 बजे महफिल का आगाज होगा। 9 बजकर 58 मिनट पर रेहान-ए-मिल्लत और 10 बजकर 30 मिनट पर हजरत जिलानी मियां के कुल शरीफ की रस्म अदा की जाएगी। दिन में भी कार्यक्रम जारी रहेंगे। रात 9 बजे देश भर के नामवर उलेमा की तकरीर होगी। देर रात 1 बजकर 40 मिनट पर मुफ्ती-ए-आजम हिन्द के कुल शरीफ की रस्म अदा होगी।

संबंधित समाचार