हल्द्वानी: खौफ में परिजन, अकेली पड़ी सौम्या, पुलिसिया पूछताछ से घबरा रहे हैं लोग
हल्द्वानी, अमृत विचार। हंसा हत्याकांड की जांच कहां तक पहुंची, इस मसले में पुलिस कुछ बोलने को तैयार नहीं है। अब इस लड़ाई को लड़ते-लड़ते हंसा की बेटी सौम्या अकेली पड़ चुकी है। आलम यह है कि पुलिस की पूछताछ के डर से अब कोई सौम्या का खुलकर साथ देने को तैयार नहीं है। सौम्या ने …
हल्द्वानी, अमृत विचार। हंसा हत्याकांड की जांच कहां तक पहुंची, इस मसले में पुलिस कुछ बोलने को तैयार नहीं है। अब इस लड़ाई को लड़ते-लड़ते हंसा की बेटी सौम्या अकेली पड़ चुकी है। आलम यह है कि पुलिस की पूछताछ के डर से अब कोई सौम्या का खुलकर साथ देने को तैयार नहीं है।
सौम्या ने इस पर पुलिस को सवालों के घेरे में खड़ा किया है। सौम्या का कहना है कि पिता के कत्ल के बाद कई लोग उसके साथ कदम से कदम मिलाकर साथ दे रहे थे, लेकिन धीरे-धीरे लोग कटते गए और अब आलम यह है कि वह अकेली है। जबकि जान को खतरा है।
सौम्या का कहना है कि जो लोग इस मामले में हमारा साथ दे रहे थे, पुलिस उनसे बार-बार पूछताछ कर रही थी, जिसकी वजह से वह घबरा गए और उन्हें लगा कि कहीं पुलिस ही उन्हें इस मामले में न फंसा दे। इसी की वजह से लोगों ने उसका साथ छोड़ दिया। अब जो भी लोग हैं, वो सामने आकर साथ नहीं देना चाहते।
पुलिस की लिखा-पढ़ी में नहीं हैं सुबूत
29 सितंबर को हंसा दत्त जोशी की लाश उन्हीं के घर के बाथरूम में मिली थी। तब पुलिस ने घटना स्थल से हंसा की लोडेड रिवॉल्वर, लोडेड रायफल और कारतूस बरामद किए थे। इन सभी को पुलिस ने लिखित में अपने पास रखा और सौम्या की इसकी एक कॉपी भी दी थी। सौम्या का कहना है कि उस रोज पुलिस अपने साथ कुछ दस्तावेज भी ले गई थी, लेकिन इसे पुलिस ने न तो अपने पास लिखित में रखा और न ही अब तक इसके बारे में हमें कोई जानकारी दी।
