बरेली: फौज में नौकरी लगने की खुशी में भंडारा, गोलियां चलने से एक की मौत

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फरीदपुर, अमृत विचार। गांव नवादी बिलसंडी के मान सिंह ने फौज में बेटे की नौकरी लगने की खुशी में शुक्रवार को गांव के ही मंदिर परिसर में भंडारा कराकर ग्रामीणों को दावत में बुलाया। भंडारा खाने के लिए गांव के ऐसे दो पक्षों के लोग भी आए थे जिनके बीच रंजिश चल रही है। प्रसाद …

फरीदपुर, अमृत विचार। गांव नवादी बिलसंडी के मान सिंह ने फौज में बेटे की नौकरी लगने की खुशी में शुक्रवार को गांव के ही मंदिर परिसर में भंडारा कराकर ग्रामीणों को दावत में बुलाया। भंडारा खाने के लिए गांव के ऐसे दो पक्षों के लोग भी आए थे जिनके बीच रंजिश चल रही है। प्रसाद ग्रहण करने के बाद घरों को जाने के दौरान दोनों पक्षों में कहासुनी हो गई। विवाद बढ़ने पर पहले से ही तैयारी के साथ आए एक पक्ष के लोगों ने तमंचों से फायरिंग शुरू कर दी। इसमें चौधरी चरण सिंह के दो गोलियां लगीं।

इसके बाद दोनों पक्षों के बीच जमकर लाठी डंडे चले। गोलियां चलने से भंडारा स्थल पर भगदड़ मच गई। लोग खुद को बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे। पुलिस घायल चौधरी चरण सिंह को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले गई जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। घटना से गांव में तनाव की स्थिति बनी हुई है। फोर्स तैनात कर दिया गया है। घटना के बाद आरोपी पक्ष घरों से फरार हो गए।

गांव नवादी बिलसंडी निवासी मान सिंह के बेटे की एक साल पहले फौज में नौकरी लगी थी। नौकरी लगने की खुशी में मान सिंह ने शुक्रवार को गांव के ही मंदिर पर भंडारा कराया। इसमें गांव के लोगों को भी दावत में बुलाया। सभी लोग भंडारा खाने पहुंचे। गांव के ही चौधरी चरण सिंह और राजेश उर्फ खन्ना भी पहुंचे। दोनों पक्षों में पुरानी रंजिश चल रही है। आमना-सामना होने पर दोनों के दिलों में सुलग रही चिंगारी एकाएक भड़क गई।

भंडारा खाकर वापस लौटने के दौरान मंदिर से कुछ दूरी पर दोनों में किसी बात को लेकर गाली-गलौज होने लगी। इसके बाद विवाद बढ़ गया। आरोप है कि खन्ना की तरफ के लोगों ने तमंचों से फायरिंग शुरू कर दी। गोलियों की आवाज से भगदड़ मच गई। लोग जान बचाकर भागने लगे। राजेश की तरफ से हुई फायरिंग में चौधरी चरण सिंह के दो गोलियां लगीं। एक गोली उनके पेट तो दूसरी कंधे पर लगी। इससे चौधरी चरण सिंह गंभीर रुप से घायल हो गए।

घटना से उनके परिजनों में हड़कंप मच गया। फायरिंग की सूचना पर मौके पर पुलिस पहुंची और घायल चौधरी चरण सिंह को फरीदपुर के समुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भिजवाया। जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार करने के लिए गांव में ताबड़तोड़ दबिश दी। देर रात तक कोई भी आरोपी पुलिस की गिरफ्त में नहीं आ सका।

रुपयों के बंटवारे को लेकर दोनों पक्षों में चल रही थी रंजिश
ग्रामीणों की मानें तो गांव के ही चरण सिंह और राजेश दोनों एक साथ राजगिरी का काम करते थे। एक बार काम में मिले रुपयों के बंटवारे को लेकर दोनों पक्षों में मारपीट हुई थी। तभी से उनके बीच रंजिश चली आ रही है। इसी रंजिश में करीब 10 दिन पहले दोनों के बीच विवाद हुआ था। शुक्रवार को भंडारे में शामिल होने का मौका मिलते ही राजेश ने साथियों के साथ मिलकर चौधरी चरण सिंह पर हमला बोल दिया।

आरोपियों से बेटे की जान को भी खतरा जताया
चौधरी चरण सिंह की पत्नी शकुंतला ने पति के हत्यारोपी राजेश, अनिल, चरन, विक्रांत से बेटे को भी खतरा बताया है। शकुंतला का एक बेटा राजीव है जो मजदूरी कर अपने पिता के साथ परिवार में हाथ बंटाना है। शकुंतला ने बेटे को भी आरोपियों से जान का खतरा बताया है।

इनके खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज
नवादी बिलसंडी गांव की शकुंतला पत्नी चौधरी चरन सिंह ने पुलिस को दी तहरीर में बताया है कि मैं पति के साथ देर शाम 7 बजे दावत खाकर घर आ रही थी। तभी रास्ते में राजेश उर्फ खन्ना पुत्र महेंद्र सिंह, विक्रांत पुत्र कृष्ण पाल, चरन सिंह पुत्र शिवराज और अनिल पुत्र सोनपाल निवासी नवादी बिलसंडी ने घेर लिया और उसके पति पर गोलियां चला दीं। इससे उसके पति की गोलियां लगने से मौत हो गई। पुलिस ने देर रात चारों आरोपियों के विरुद्ध हत्या के आरोप में रिपोर्ट दर्ज कर ली है।

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