मुरादाबाद : गन्ना लदी ट्राली का हिच टूटा, ट्रैक्टर चालक की मौत
मुरादाबाद, अमृत विचार। करनपुर-लालपुर मार्ग पर बने गड्ढों में फंसी गन्ना लदी ट्राली को पीछे से धक्का दे रही दूसरी गन्ना लदी ट्राली का हिच टूट गया। इसके चलते ट्रैक्टर चालक गन्नों में दब गया। उसे निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां कुछ देर बाद ही उसने दम तोड़ दिया। इससे परिवार में कोहराम …
मुरादाबाद, अमृत विचार। करनपुर-लालपुर मार्ग पर बने गड्ढों में फंसी गन्ना लदी ट्राली को पीछे से धक्का दे रही दूसरी गन्ना लदी ट्राली का हिच टूट गया। इसके चलते ट्रैक्टर चालक गन्नों में दब गया। उसे निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां कुछ देर बाद ही उसने दम तोड़ दिया। इससे परिवार में कोहराम मच गया। परिवार वालों के आग्रह पर पुलिस ने बिना पोस्टमार्टम के ही शव उन्हें सौंप दिया।
हादसा मूंढापांडे थानाक्षेत्र में करनपुर-लालपुर मार्ग पर हुआ। इस सड़क में काफी गड्ढे हैं। बुधवार सुबह करीब 10 बजे गन्ने से लदा ट्राला इन गड्ढों में फंस गया। करनुपर चौकी प्रभारी गोपाल ने बताया कि चालक 20 वर्षीय अमित कुमार पुत्र रामकिशोर निवासी गांव रझोड़ा ने इसे निकालने का काफी प्रयास किया मगर सफल नहीं हो सका। इस दौरान पीछे से गन्ना लदी ट्रैक्टर-ट्राली लेकर एक और किसान आ गया।
अमित ने उससे अपने ट्राले में धक्का लगाने को कहा। दूसरे किसान ने भी पीछे से उसके ट्राले में धक्का लगाया मगर फिर भी वह गड्ढे से बाहर नहीं निकल सका। इस पर अमित ने उससे कहा कि तुम मेरा ट्रैक्टर चलाओ, मैं तुम्हारे ट्रैक्टर पर बैठता हूं। इसके बाद अमित पीछे वाले ट्रैक्टर की सीट पर बैठ गया। उसने फंसे खड़े ट्राले में धक्का दिया तो अचानक ट्राली का हिच टूट गया। परिणाम स्वरूप उसमें भरा सारा गन्ना चालक सीट पर बैठे अमित के ऊपर आ गिरा और वह उसमें बुरी तरह दब गया।
दूसरे ट्रैक्टर के चालक के शोर मचाने पर पहुंचे ग्रामीणों और पुलिस ने किसी तरह गन्नों में दबे अमित को निकाला और तत्काल निजी अस्पताल ले गए। मगर उपचार के दौरान कुछ देर बाद ही अमित की सांसों की डोर टूट गई। इस बीच उसके परिवार वाले भी अस्पताल पहुंच गए। जानकारी पर पहुंची पुलिस पंचनामा भरने की कार्रवाई करने लगी। अमित के पिता और भाई ने पुलिस को बताया कि यह एक हादसा है, इसलिए वह कोई कानूनी कार्रवाई नहीं चाहते है। उन्होंने पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराने से भी इन्कार कर दिया। परिवार वालों द्वारा लिखित में देने पर पुलिस ने कागजी खानापूर्ति के बाद शव परिवार वालों को सौंप दिया।
क्षेत्रवासियों का कहना है कि इस जर्जर सड़क की मरम्मत कराने के लिए कई समाजिक संगठन धरना-प्रदर्शन कर चुके हैं। किसान यूनियन ने भी इसे गड्ढामुक्त कराने की मांग की मगर कोई कार्रवाई नहीं हुई। संबंधित अधिकारियों की अनदेखी के कारण इस मार्ग पर पहले भी कई हादसे हो चुके हैं। इन्हीं गड्ढों की वजह से बुधवार को अमित कुमार की जान भी चली गई। इसे लेकर क्षेत्रवासियों में जबरदस्त आक्रोश है। उन्होंने इस मार्ग को जल्द से जल्द गड्ढामुक्त कराने की मांग की है।
