अयोध्या: रामलला को ओढ़ाई गई मखमली रजाई, लगाया गया ब्लोअर

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अयोध्या। अयोध्या में सर्दी के सितम से रामलला को बचाने की कवायद शुरू हो गई है। रामलला को गर्म कपड़े व मखमली रजाई ओढ़ाई गई है। साथ ही उनके पास ब्लोअर भी लगाया गया है। यही नहीं उन्हें भोग में गर्म व्यंजन चढ़ाया जा रहा है। 9 नवंबर 2019 को सुप्रीम कोर्ट का फैसला आने …

अयोध्या। अयोध्या में सर्दी के सितम से रामलला को बचाने की कवायद शुरू हो गई है। रामलला को गर्म कपड़े व मखमली रजाई ओढ़ाई गई है। साथ ही उनके पास ब्लोअर भी लगाया गया है। यही नहीं उन्हें भोग में गर्म व्यंजन चढ़ाया जा रहा है। 9 नवंबर 2019 को सुप्रीम कोर्ट का फैसला आने के बाद भगवान को टेंट से निकालकर आधुनिक सुविधाओं से संपन्न अस्थाई मंदिर में विराजमान किया गया।

परिसर में विराजमान रामलला 28 वर्षों तक टेंट में विराजमान रहे। उस समय रामलला को ठंड से बचने के लिए सिर्फ गर्म वस्त्र ही मिल रहे थे। टेंट में होने के कारण किसी भी प्रकार के यंत्र व अंगीठी का प्रयोग नहीं किया जा सकता था, लेकिन कोर्ट का फैसला आने के बाद रामलला को भव्य तरीके से विराजमान कराया गया। मखमली रजाई ओढ़ाई गई है। साथ ही गर्म कपड़े भी पहनाए गए हैं।

अस्थाई भवन में विराजमान भगवान श्री राम लला को सुबह स्नान ध्यान के बाद बाल भोग कराया जाता है, जिसमें पेड़ा और मेवा शामिल हैं। दोपहर में गर्म दाल, चावल, हरी सब्जियां, पूड़ी, खीर व हलवा भी चढ़ाया जाता है। एकादशी व पूर्णिमा पर अलग-अलग व्यंजनों का भोग लगाया जाता है। शाम को भी ठंड को देखते हुए मूंग का हलवा व मेवा का बाल भोग लगाया जाता है।

भगवान को मखमली रजाई ओढ़ाई जा रही है। ठंड से बचने के लिए ब्लोवर भी लगाया गया है। भोग के लिए उचित व्यवस्था है। मौसम के अनुरूप मिलने वाली हरी सब्जियां व अन्य व्यंजनों से भोग लगाया जा रहा है…सत्येंद्र दास, मुख्य पुजारी, श्रीराम जन्मभूमि।

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