रायबरेली: केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी के सामने उठा बदहाल सड़कों का मुद्दा, जानें
रायबरेली। तीन साल 9 महीने 42 दिन बाद जिले में जिला समन्वय व अनुश्रवण समिति की बैठक हुई। केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी ने चेयरमैन होने के नाते बैठक की अध्यक्षता की और विकास के 43 बिंदुओं पर चर्चा की। इस दौरान प्रधानमंत्री सड़क योजना और जिला पंचायत के मद से बनने वाली सड़कों को लेकर …
रायबरेली। तीन साल 9 महीने 42 दिन बाद जिले में जिला समन्वय व अनुश्रवण समिति की बैठक हुई। केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी ने चेयरमैन होने के नाते बैठक की अध्यक्षता की और विकास के 43 बिंदुओं पर चर्चा की। इस दौरान प्रधानमंत्री सड़क योजना और जिला पंचायत के मद से बनने वाली सड़कों को लेकर सपा के ऊंचाहार और भाजपा के सरेनी विधायक ने विरोध जताया।
विधायकों ने कहा कि जिस कंस्ट्रक्शन कंपनी को सड़क का ठेका दिया गया था वह घटिया काम कर चली गई और नतीजा यह है कि पांच से पहले ही सड़कों का बुरा हाल हो गया है। इसपर केंद्रिय मंत्री ने कंपनी को ब्लैकलिस्ट करने के साथ 15 दिन के भीतर जांच आख्या प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।
पढ़ें: अयोध्या: जिलाधिकारी ने इंटरलॉकिंग खुदवाकर जांची गिट्टी, जेई-एई का रोका वेतन
वहीं, सभी अधूरे विकास कार्य दिसंबर तक हर हाल में पूरा कराने के निर्देश दिए। साथ ही साढ़े तीन साल बाद जब जिला अनुश्रवण समिति (दिशा) की बैठक हुई तो उम्मीद थी कि केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी कांग्रेस की राजनीतिक जमीन को खिसकाने के लिए कुछ नया कर सकती है। लेकिन बैठक में पुराने एजेंडे पर ही चर्चा हुई। सड़क, पानी, मनरेगा पर जानकारी केंद्रीय मंत्री ने ली। हर विभाग की प्रगति रिपोर्ट देखी गई। अधिकतर विभागों में काम अपूर्ण मिला जिसपर दिसंबर तक पूरा करने के निर्देश दिए गए।
विधायकों के सवाल से हुई गहमागहमी
बैठक में ऊंचाहार विधायक डा मनोज पांडेय ने कहा कि उनके क्षेत्र की सड़के बहुत खराब हैं। खासकर कुदऊ से लेकर बखरौली तक सड़क चलने लायक नहीं है। यह सड़क प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना से बनवाई गई थी और ठेकेदार काम कर चला गया। जबकि पांच साल तक उसे सड़क की देखरेख करनी थी। इसी तरह नीलगंज और उधमपुर में पुल छह माह से क्षतिग्रस्त है। जिसे लेकर वह एक दिसंबर से धरना देंगे।
मामले में केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी ने कहा कि जिस संस्था ने सड़क बनवाई है। उसे ब्लैकलिस्ट किया जाए तथा 15 दिन के भीतर जांच रिपोर्ट भेजी जाए ताकि कड़ी कार्रवाई की जा सके। इसी तरह सरेनी विधायक धीरेंद्र बहादुर सिंह ने क्षेत्र में जिला पंचायत की ओर से बनाई सड़कों को लेकर सवाल किया। उनका कहना था कि सड़कें खराब हो चुकी हैं। जिसपर केंद्रीय मंत्री ने सड़कों की मरम्मत कराने के निर्देश दिए।
प्रशासन ने 14 प्रस्ताव किए थे पास…
बता दें कि जब दिशा का अध्यक्ष नहीं था तो प्रशासन ने 14 सड़कों का प्रस्ताव जिला पंचायत से बनवाए जाने का पास किया था। इस पर भी सवाल किए गए। निर्णय हुआ कि पुरानों को छोड़ नए सिरे से सड़क बनेंगी।
खनिज अधिकारी को मिली फटकार…
जिले में खनन विभाग के मद में 65 लाख 95 हजार 31 रुपया भेजा गया था। इसपर विभाग के अधिकारियों ने वह पैसा दूसरे विभाग को भेज दिया। लालगंज और डलमऊ में पौधारोपण खनन विभाग के पैसे से कराया गया तो डायट और बेसिक शिक्षा विभाग को भी पैसा दिया गया। मामले में जब खनन अधिकारी सुशील कुमार सफाई देने लगे तो केंद्रीय मंत्री ने उन्हें बैठ जाने को कह दिया। कहा कि मुझे मालूम है कि क्या हो रहा है।
केंद्रीय मंत्री ने सुनी समस्याएं….
केंद्रीय बाल एवं पुष्टाहार मंत्री स्मृति ईरानी जब दिशा की बैठक को जाने लगी कलेक्ट्रेट परिसर में अमेठी के निहालगढ़ की रहने वाली श्रेया गुप्ता ने फरियाद लगाते हुए बताया कि उनके पति मनीष कुमार गुप्ता का लीवर प्रत्यारोपण होना है। उनका इलाज एसपीजीआई लखनऊ में हो रहा है। मुख्यमंत्री सहायता कोष से सहायता मिल जाए तो पति का लीवर प्रत्यारोपण हो सकेगा। इसपर केंद्रीय मंत्री ने डीएम वैभाव श्रीवास्तव को रिपोर्ट तैयार कर तत्काल मदद करने के निर्देश दिए। पूरे लाल सुल्तानपुर खेड़ा, गुरुबक्शगंज निवासी शिव आधार ने शिकायती पत्र देकर बताया कि उसकी पुत्री का विवाह इसी वर्ष पंचम सिंह मजरे पखनपुर, बछरावां निवासी राम बरन के साथ हुआ था। 23 नवंबर को पुत्री नीशू की फांसी लगाकर हत्या कर दी गई। अभी तक आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हो सकी है। इसपर पुलिस को कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
मीडिया से बनाई दूरी…
दिशा की बैठक के बाद जब मीडिया ने केंद्रीय मंत्री से हवाल करना चाहा तो उन्होंने कोई बात नहीं की। बल्कि कार का दरवाजा बंद कर चली गई। सांसद सोनिया गांधी के बैठक में न आने पर भी केंद्रीय मंत्री ने कोई प्रतिक्रिया नहीं दी।
