बरेली: छात्र को पीटने के शक में अध्यापिका के बाल खींचे, मारपीट की
कैंट, अमृत विचार। क्षेत्र के एक नामचीन स्कूल में एलकेजी के छात्र को पीटने को लेकर मंगलवार को जमकर हंगामा हुआ। छात्र के अभिभावकों ने जहां अध्यापिका पर बच्चे को पीटने का आरोप लगाया। वहीं अध्यापिका का कहना है कि छात्र के माता-पिता ने कक्षा में घुसकर उनके साथ अभद्रता और बाल पकड़कर मारपीट की। …
कैंट, अमृत विचार। क्षेत्र के एक नामचीन स्कूल में एलकेजी के छात्र को पीटने को लेकर मंगलवार को जमकर हंगामा हुआ। छात्र के अभिभावकों ने जहां अध्यापिका पर बच्चे को पीटने का आरोप लगाया। वहीं अध्यापिका का कहना है कि छात्र के माता-पिता ने कक्षा में घुसकर उनके साथ अभद्रता और बाल पकड़कर मारपीट की। पुलिस ने अध्यापिका की तहरीर पर छात्र के माता-पिता पर रिपोर्ट दर्ज कर ली है।
आवास विकास 138 सिविल लाइंस निवासी रोली खुराना बिशप कॉनराड स्कूल जूनियर विंग में 17 वर्षों से अध्यापिका हैं। उनका कहना है कि 6 दिसंबर को एलकेजी सेक्शन डी का एक छात्र कक्षा में बहुत शोर मचा रहा था। छात्र को शोर मचाने से मना किया। इस पर छात्र ने जवाब देते हुए तुम्हें नानी याद दिलाने की बात कही और जोर-जोर से चिल्लाने लगा। शोर मचाने पर साथी अध्यापिका ज्योति ठकुराल व आया सविता ने किसी तरह मिलकर बच्चे को शांत कर कक्षा में बैठाया।
छुट्टी के समय बच्चे के माता पिता से इसकी शिकायत की। आरोप है कि उसी दिन दोपहर बाद करीब 3 बजे बच्चे के पिता ने अध्यापिका को फोन पर जान से मारने की धमकी दी। मंगलवार को 8:45 बजे अध्यापिका कक्षा में पढ़ा रहीं थीं। अचानक छात्र के पिता फिरोज दयाल व माता एकता दयाल कक्षा में घुस आये और गालीगलौज करते हुए बाल पकड़कर नीचे गिरा दिया और मारपीट करने लगे। शोर सुनकर स्कूल स्टाफ ने उन्हें बचाया। इस पर दोनों आरोपी जान से मारने की धमकी देते हुए चले गये। वहीं छात्र की माता एकता दयाल व पिता फिरोज दयाल निवासी मिशन कम्पाउन्ड सिविल लाइन्स ने बताया कि हमने अपने एक बेटे का एलकेजी और दूसरे बेटे का नर्सरी में एडमीशन कराया था।
कोरोना की वजह से 6 दिसम्बर को पहले दिन बच्चों को स्कूल लेकर गये थे और अध्यापिका से कहा था कि हमारे बच्चे आज पहली बार स्कूल आये हैं। इन्हें डांटना या मारना मत। दोनों लोग घर न जाकर स्कूल कम्पाउन्ड स्थित चर्च में बैठ गये। उन्होंने बताया कि कक्षा से बड़े बेटे के चिल्लाने की आवाज आ रही थी कि मम्मी बचाओ-पापा बचाओ तो हम लोगों ने समझा कि आज स्कूल में पहला दिन है, इसलिए बच्चा रो रहा है लेकिन छुट्टी में देखा तो बच्चे का मुंह लाल था और गालों पर उंगलियों के निशान थे।
बच्चे से पूछा कि क्या हुआ तो उसने कुछ नहीं बताया। इसके बाद वह बच्चों को लेकर घर आ गए। घर पर प्यार से पूछने पर बच्चे ने बताया कि टीचर ने बहुत मारा। कान भी खींचे। जब स्कूल जाकर अध्यापिका से शिकायत की तो उन्होंने कहा कि मैं टीचर हूं मुझे मारने का अधिकार है। आरोप लगाया कि टीचर और अन्य स्कूल स्टाफ ने हमारे साथ हाथापाई की। पुलिस ने अध्यापिका की तहरीर पर बच्चे के पिता फिरोज दयाल व मां एकता दयाल के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है।
वर्जन–
अध्यापिका द्वारा मासूम बच्चे को बुरी तरह पीटा जाना निंदनीय है। यदि इस प्रकरण में अभिभावक पक्ष ठीक है तो हम जिलाधिकारी और एसएसपी से मामले की शिकायत करेंगे। पिछले दिनों चनेहटा के एक स्कूल में 11वीं के छात्र को तीन अध्यापकों द्वारा पीटा गया था, तब तो छात्र की तरफ से पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज नहीं की।
अंकुर सक्सेना, प्रदेश अध्यक्ष (अभिभावक संघ)
रोली खुराना एक सीनियर और अनुभवी अध्यापिका हैं। बच्चे के साथ वह ऐसा कृत्य नहीं कर सकती हैं। बच्चे के माता-पिता ने स्कूल में घुसकर कक्षा में अध्यापिका के साथ मारपीट की। इस पर पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस द्वारा लिखित प्रार्थना पत्र मांगे जाने पर तहरीर दे दी है। – शाजी क्रिस्टोफर, प्रधानाचार्य
