उन्नाव: ठंड व भूख-प्यास से तड़प कर गौशाला में दम तोड़ रहे गोवंश

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पुरवा/उन्नाव। उत्तर प्रदेश में गौ हत्या को रोकने व गौ संरक्षण के लिए बनाई गई गौशाला ही उनकी कब्रगाह बनती जा रहीं हैं। पुरवा विकास खंड के ग्राम दरहेटा में बनी गौशाला में इन दिनों गौ माता ठंड व भूख-प्यास से तड़प-तड़प कर मर रही हैं। लेकिन उनकी सुध लेने वाला कोई नहीं है। जबकि …

पुरवा/उन्नाव। उत्तर प्रदेश में गौ हत्या को रोकने व गौ संरक्षण के लिए बनाई गई गौशाला ही उनकी कब्रगाह बनती जा रहीं हैं। पुरवा विकास खंड के ग्राम दरहेटा में बनी गौशाला में इन दिनों गौ माता ठंड व भूख-प्यास से तड़प-तड़प कर मर रही हैं। लेकिन उनकी सुध लेने वाला कोई नहीं है। जबकि प्रदेश सरकार द्वारा गौशालाओं के लिए करोड़ों का बजट भी दिया गया है। इन सबके बावजूद गौशाला में किसी भी प्रकार की कोई सुविधा नहीं है।

इस कड़कड़ाती ठंड में गौशाला गोवंशों की कब्रगाह बनती जा रही हैं। रोजाना इस गौशाला में कई गायों की मौत हो रही है, और जिम्मेदार अधिकारी मौन बने हुए हैं। जानवरों की मौत का आलम यह है कि मरे हुए जानवरों के साथ-साथ बहुत ही कमजोर अधमरे जानवर भी खुले मैदान में पड़े हुए हैं। जिन्हें गिद्ध, कौवे कुत्ते आदि के भोजन बन रहे हैं।

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आलम यह है कि देखने वालों की आंखों में आंसू आ जाते है मगर जिम्मेदार अधिकारी कर्मचारियों और ग्राम प्रधान का दिल नहीं पसीजता। यहीं नहीं इनके शव को खुले आसमान के नीचे फेंक दिए गए है जिसके दुर्गंध से वातावरण प्रदूषित हो गया है वहां के रहने वाले स्थानीय लोगों को रहने में असुविधा हो रही है। उपजिलाधिकारी दयाशंकर पाठक से बात करने पर बताया की मामला संज्ञान में आया है जल्द ही इस पर कड़ी कार्यवाही की जाएगी।

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