अयोध्या: अविवि में शिक्षकों को अवकाश के लिए लेना होगा ऑनलाइन अप्रूवल
अयोध्या। डॉ. राममनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय (अविवि) में अब सब कुछ डिजिटल होगा। प्रधानमंत्री की मुहिम को आगे बढ़ाते हुए अविवि प्रशासन ने कई शैक्षिक कार्यों का भी डिजिटलाइजेशन कर दिया है। इसके हो जाने से परिसर के शिक्षकों, छात्र-छात्राओं और कर्मचारियों को सूचनाएं प्राप्त करने व भरने में आसानी होगी। यही नहीं शिक्षकों को …
अयोध्या। डॉ. राममनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय (अविवि) में अब सब कुछ डिजिटल होगा। प्रधानमंत्री की मुहिम को आगे बढ़ाते हुए अविवि प्रशासन ने कई शैक्षिक कार्यों का भी डिजिटलाइजेशन कर दिया है। इसके हो जाने से परिसर के शिक्षकों, छात्र-छात्राओं और कर्मचारियों को सूचनाएं प्राप्त करने व भरने में आसानी होगी। यही नहीं शिक्षकों को छुट्टी लेने के लिए अब उन्हें ऑनलाइन ही आवेदन करना पड़ेगा।
कुलपति प्रो. रविशंकर सिंह ने लाइब्रेरी कार्ड व आई कार्ड बनवाने की प्रक्रिया को भी ऑनलाइन कर दिया है। अब छात्र बिना किसी समस्या के सीधे ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। शिक्षकों द्वारा भरी जाने वाली त्रैमासिक व वार्षिक अकादमिक रिपोर्ट भी ऑनलाइन कर दी गई है। परिसर के शिक्षक विश्वविद्यालय की वेबसाइट पर जाकर आईक्यूएससी के लिंक पर सीधे अपलोड करेंगे। दूसरी ओर नैक व एनआईआरएफ डेटा को भी पूर्णतया ऑनलाइन कर दिया गया है।
विभागीय समस्त डेटा विभागाध्यक्ष व समन्वयक के लॉग इन से भरे जायेंगे। इसके समस्त रिकार्ड नैक व एनआईआरएफ के समन्वयक के लॉग इन पर भी उपलब्ध रहेंगे। विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. रविशंकर सिंह द्वारा डिजीटलीकरण की दिशा में एक और एतिहासिक कदम उठाया गया है। परिसर के समस्त शिक्षकों को अवकाश के लिए ऑनलाइन सुविधा प्रदान कर दी है। पहले इन शिक्षकों को विभिन्न प्रकार के अवकाश लेने के लिए आवेदन करना होता था।
अब शिक्षकों को अवकाश लेने के लिए ऑनलाइन आवेदन करना होगा। विभागाध्यक्ष व समन्वयक की संस्तुति के उपरांत कुलपति द्वारा ऑनलाइन स्वीकृत या अस्वीकृत किया जा सकेगा। इसके हो जाने से शिक्षकों के अवकाश के दिनों की गणना आसानी से की जा सकेगी। डिजिटलाइजेशन मोड में लाने के लिए ईडीपी व लाइब्रेरी प्रभारी प्रो. केके वर्मा, केन्द्रीय पुस्तकालयाध्यक्ष प्रो. आरके सिंह व आशीष जायसवाल की विशेष भूमिका रही।
यह भी पढ़ें:-बहराइच: गेरुआ नदी के निकट मार्ग पर चहलकदमी करता दिखा शेर, मोबाइल में कैद चित्र
