मुरादाबाद : जेल में मिलने पर पाबंदी, अलग बैरक में रहेंगे नए बंदी
एसपी चौहान/अमृत विचार। ओमिक्रॉन और कोरोना के बढ़ते मामलों को देखते हुए शासन ने जेलों में बंदियों से मुलाकात पर पाबंदी लगा दी है। इसके तहत जिला कारागार प्रशासन ने भी पुख्ता इंतजाम किए हैं। शासन द्वारा जारी की गई नई गाइडलाइन का कड़ाई से पालन कराया जा रहा है। कोरोना के मामले समाप्त होने …
एसपी चौहान/अमृत विचार। ओमिक्रॉन और कोरोना के बढ़ते मामलों को देखते हुए शासन ने जेलों में बंदियों से मुलाकात पर पाबंदी लगा दी है। इसके तहत जिला कारागार प्रशासन ने भी पुख्ता इंतजाम किए हैं। शासन द्वारा जारी की गई नई गाइडलाइन का कड़ाई से पालन कराया जा रहा है।
कोरोना के मामले समाप्त होने पर प्रदेश भर की जेलों में 16 अगस्त 2021 से बंदियों से मुलाकात करने की परिजनों को छूट दी गई थी। मगर अब कोरोना की तीसरी लहर के साथ ही ओमिक्रॉन भी तेजी से पैर पसार रहा है। पहले जैसे हालात न बने इसके लिए शनिवार को अपर मुख्य सचिव गृह अवनीश अवस्थी ने बंदियों की मुलाकात तुरंत बंद करने का आदेश दिया था।
वरिष्ठ जेल अधीक्षक वीरेश राज शर्मा ने बताया कि शासन का आदेश मिलते ही तत्काल अमल शुरू कर दिया गया है। रविवार से ही जेल बंदियों से मुलाकात पर रोक लगा दी गई है। यह रोक अग्रिम आदेश तक जारी रहेगी।
उन्होंने बताया कि मुरादाबाद जिला जेल में इस समय 3585 बंदी हैं। इनकी सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। सभी बंदियों के लिए मास्क अनिवार्य कर दिया गया है।
जेल को सुबह, दोपहर और शाम को सैनिटाइज कराया जा रहा है। नए आने वाले बंदियों के लिए अलग बैरक की व्यवस्था कर दी गई है। नए आने वाले बंदियों को 14 दिन तक इसी बैरक में रखा जाएगा। निगेटिव जांच के बाद ही नए बंदियों को जेल में लिया जाएगा। पॉजीटिव आने पर अस्पताल में भर्ती कराया जाएगा। संभल, अमरोहा और मुरादाबाद में अस्थाई जेल बनाई जाएंगी। अस्थाई जेलों को सैनिटाइज करने की व्यवस्था की जाएगी। बंदियों को इनमें 14 दिन तक क्वरांटाइन करने के बाद जिला कारागार में प्रवेश दिया जाएगा।
निराश होकर लौटे अपनों से मिलने आए परिजन
जेल में बंद अपनों से मुलाकात के लिए आए परिजनों रविवार को निराश होकर लौट गए। जेल प्रशासन द्वारा गेट पर लगाए गए मुलाकात पर पाबंदी के निर्देश को पढ़कर उन्हें मायूसी ही हाथ लगी। परिजनों को जेलकर्मियों ने समझाकर वापस भेज दिया।
वरिष्ठ जेल अधीक्षक वीरेश राज शर्मा ने बताया कि किसी भी हाल में जेल को कोरोना और ओमिक्रान मुक्त रखा जाएगा। इसके लिए सभी जरूरी इंतजाम कर लिए गए हैं। अमरोहा, संभल और मुरादाबाद में नए बंदियों के लिए अस्थाई जेल बनाई जाएगी। अस्थाई जेलों की व्यवस्था होने तक जेल में ही एक बैरक को नए बंदियों के लिए खाली करा दिया गया है।
