अयोध्या: अवध यूनिवर्सिटी का त्रिनिदाद व टोबैगो विश्वविद्यालय से होगा अनुबंध
अयोध्या। डॉ. राम मनोहर लोहिया अवध यूनिवर्सिटी को अन्तरराष्ट्रीय पटल पर नई पहचान और विदेशी छात्रों को आकर्षित करने के लिए पहल शुरू हो गई है। इसे लेकर अवध यूनिवर्सिटी के कौटिल्य प्रशासनिक सभागार में विश्वविद्यालय और त्रिनिदाद व टोबैगो विश्वविद्यालय के बीच आनलाइन बैठक हुई। बैठक में विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो रविशंकर सिंह ने …
अयोध्या। डॉ. राम मनोहर लोहिया अवध यूनिवर्सिटी को अन्तरराष्ट्रीय पटल पर नई पहचान और विदेशी छात्रों को आकर्षित करने के लिए पहल शुरू हो गई है। इसे लेकर अवध यूनिवर्सिटी के कौटिल्य प्रशासनिक सभागार में विश्वविद्यालय और त्रिनिदाद व टोबैगो विश्वविद्यालय के बीच आनलाइन बैठक हुई। बैठक में विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो रविशंकर सिंह ने बताया विदेशी विद्यार्थियों को शैक्षिक सुविधाएं सुनिश्चित कराने के उद्देश्य से विश्वविद्यालय में अन्तरराष्ट्रीय प्रकोष्ठ का गठन किया गया है।
विश्वविद्यालय में विदेशी छात्रों के अध्ययन करने से विश्वविद्यालय को अकादमिक पहचान के साथ ही वैश्विकरण को बढ़ावा मिलेगा। कुलपति के अनुसार शीघ्र ही त्रिनिदाद व टोबैगो विश्वविद्यालय अनुबंध कर लिया जायेगा। जिससे यहां के शोधरत छात्र नवीनतम शोध कर सकेंगे। कुलपति ने बताया विश्वविद्यालय के अन्तरराष्ट्रीय प्रकोष्ठ द्वारा स्टूडेंट एक्सचेंज प्रोग्राम व फैकल्टी एक्सचेंज प्रोग्राम को अंतिम रूप दिया जा रहा है।
आनलाइन बैठक में त्रिनिदाद व टोबैगो के उच्चायुक्त डाॅ. रोजर गोपाल ने बताया आने वाले समय में अयोध्या अन्तरराष्ट्रीय गतिविधियों के केंद्र में आ जाएगा। विश्वविद्यालय के साथ मिलकर अयोध्या के अकादमिक उन्नयन पर तेजी के साथ कार्य किया जायेगा। उन्होंने बताया कि अन्तरराष्ट्रीय विश्वविद्यालयों से शैक्षिक उन्नयन के लिए एमओयू होगा। यहां के अध्ययनरत छात्रों को हर स्तर से अकादमिक उन्नयन के लिए सुविधाएं दी जायेगी।
त्रिनिदाद व टोबैगो विश्वविद्यालय के अध्यक्ष परमेश्वर प्रसाद ने बताया विश्वविद्यालय से शीघ्र ही स्टूडेंट एक्सचेंज प्रोग्राम व फैकल्टी एक्सचेंज प्रोग्राम के लिये एमओयू किया जाएगा। इसके लिए विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो रविशंकर सिंह को त्रिनिदाद व टोबैगो आमंत्रित किया गया है। उन्होंने विदेशी छात्रों के यहां अध्ययन एवं शोध के लिए कुलपति द्वारा लिए गए निर्णय की सराहना भी की है।
बैठक की शुरूआत विश्वविद्यालय अन्तरराष्ट्रीय प्रकोष्ठ के निदेशक प्रो फर्रूख जमाल ने की। उन्होंने प्रकोष्ठ के विजन व मिशन को बताते हुए कहा कि विश्वविद्यालय द्वारा हर प्रकार की सुविधाएं अन्तरराष्ट्रीय छात्रों को उपलब्ध कराई जायेगी। बैठक में विज्ञान संकायाध्यक्ष व वित्तधिकारी प्रो चयन कुमार मिश्र, कुलसचिव उमानाथ, कला संकायाध्यक्ष प्रो अजय प्रताप सिंह, आईईटी के निदेशक प्रो रमापति मिश्र, प्रो जसवंत सिंह, प्रो आशुतोष सिन्हा, डाॅ विनोद कुमार चैधरी, कुलपति के विशेष कार्याधिकारी डाॅ. शैलेंद्र सिंह रहे। तकनीकी सहयोग इंजीनियर राजीव कुमार ने किया।
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