मुरादाबाद : गर्भवती पत्नी की हत्या के आरोपी पति को आजीवन कारावास
मुरादाबाद, अमृत विचार। दहेज में नकदी की मांग पूरी न होने पर गर्भवती पत्नी की गला घोंटकर हत्या के मामले में कोर्ट ने पति को दोषी माना है। शुक्रवार को सुनवाई के बाद कोर्ट ने आरोपी पति को आजीवन कारावास व आठ हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। दहेज हत्या की यह वारदात करीब …
मुरादाबाद, अमृत विचार। दहेज में नकदी की मांग पूरी न होने पर गर्भवती पत्नी की गला घोंटकर हत्या के मामले में कोर्ट ने पति को दोषी माना है। शुक्रवार को सुनवाई के बाद कोर्ट ने आरोपी पति को आजीवन कारावास व आठ हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
दहेज हत्या की यह वारदात करीब पांच साल पहले सम्भल जिले के नखासा थाना क्षेत्र कस्बा सिरसी में हुई थी। नखासा निवासी वसीम ने 27 मई वर्ष 2017 में थाने में मुकदमा दर्ज कराया था। वसीम का कहना था कि उसने अपनी चचेरी बहन मुमताज का निकाह वर्ष 2012 में कस्बा सिरसी के मोहल्ला सराय सादक निवासी आसिफ के साथ कराया था। निकाह के बाद से आसिफ दहेज में 50 हजार रुपये की मांग करने लगा। इन्कार करने पर उसने मुमताज का उत्पीड़न करना शुरू कर दिया। इस बीच मुमताज गर्भवती हो गई, लेकिन आसिफ की हरकतें बं द नहीं हुई।
आरोप है कि मौका पाकर आसिफ ने एक दिन गला घोंटकर मुमताज की हत्या कर दी। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। तभी इस मामले की फास्ट ट्रैक कोर्ट प्रथम योगेंद्र चौहान की कोर्ट में सुनवाई चल रही थी। वाद-विवेचना के बाद पुलिस ने कोर्ट में चार्जशीट दाखिल कर दी थी। शुक्रवार को इस मामले में सुनवाई हुई।
बचाव पक्ष के अधिवक्ता ने झूठा फंसाने की दलील दी, जबकि सरकार की ओर से पैरवी कर रहे जिला शासकीय अधिवक्ता अशोक यादव ने गंभीर अपराध बताया। साथ ही तर्क दिया कि गवाह और साक्ष्य घटना को सही साबित कर रहे हैं। दोनों पक्षों की दलील सुनने के बाद कोर्ट ने आसिफ को दोषी मानते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही आठ हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
