अयोध्या: दो घरों की तीन सगी बहनें गायब, पुलिस की लापरवाही आई सामने
अयोध्या। भले ही योगी आदित्यनाथ को रामनगरी से विधानसभा का टिकट नहीं मिला, लेकिन पूरा प्रदेश जानता है कि अयोध्या मुख्यमंत्री के हाथ में ही है। यहां का अच्छा व बुरा सब बाबा देखते हैं, लेकिन चुनाव के समय से अब तक जो यहां बेटियों के साथ जो घटा है शायद उसकी उनको कानों-कान खबर …
अयोध्या। भले ही योगी आदित्यनाथ को रामनगरी से विधानसभा का टिकट नहीं मिला, लेकिन पूरा प्रदेश जानता है कि अयोध्या मुख्यमंत्री के हाथ में ही है। यहां का अच्छा व बुरा सब बाबा देखते हैं, लेकिन चुनाव के समय से अब तक जो यहां बेटियों के साथ जो घटा है शायद उसकी उनको कानों-कान खबर तक नहीं पहुंची है।
27 फरवरी को पूराबाजार से एक ही परिवार की तीन लड़कियों के गायब होने के मामले में पुलिस को सफलता भी नहीं मिली थी कि 22 मार्च को थाना कैंट क्षेत्र स्थित एक ही घर की तीन सगी बहनें गायब हो गईं। अयोध्या में 16 मार्च को मासूम के साथ दुराचार की घटना को भला कौन भूल सकता है। तीनों ही मामलों में पुलिस का अब तक ढुलमुल रवैया ही दिखा है। मामलों में राजनीति भी हुई, लेकिन बात ऊपर तक नहीं पहुंची।
बेटियों के साथ घटी यह चंद घटनाएं गवाही देती हैं कि शासन सत्ता का बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ का नारा सिर्फ जुमला ही है। इन सभी घटनाओं में पुलिस की कार्यशैली को लेकर सवाल भी उठ रहे हैं। अयोध्या में मासूम बच्ची के साथ घटी घटना को लेकर तो आन्दोलन तक हुए, धरना अभी भी जारी है लेकिन दो अन्य संदिग्धों पर कोई कार्रवाई नहीं हुई।
दो अप्रैल को रौनाही थाना क्षेत्र के गांव में छात्रा से रेप के प्रयास में पुलिस ने तहरीर ले ली मुकदमा अभी तक नहीं दर्ज किया। अब ताजा मामला नगर क्षेत्र के करम अली पुरवा से तीन बहनों के गायब होने का सामने आया है। इस मामले में भी पुलिस मुकदमा दर्ज कर रोज पीड़ित परिवार को आश्वासन की घुट्टी पिला रही है।
तेरह दिनों से लापता हैं तीन सगी बहनें
कैंट थाना क्षेत्र के करम अली पुरवा की रहने वाली तीन सगी बहनें तेरह दिनों से लापता हैं। अभी तक तीनों बहनों का कोई पता नहीं चला है। कैंट थाने में FIR दर्ज की गई, लेकिन पुलिस के हाथ कोई क्लू नहीं लगा है। इसे लेकर पूरा परिवार बेहद परेशान है। अरविंद ने बताया कि उसकी तीनों बेटियां 22 मार्च को सआदतगंज हनुमानगढ़ी मंदिर जाने को कह कर निकली थीं। जब वे शाम तक नहीं लौटी तो परिवार वालों ने खोजबीन शुरू की।
रिश्तेदारों में भी पता लगाया। कोई जानकारी न होने पर पीड़ित पिता ने कैंट थाने में मुकदमा दर्ज कराया। पीड़ित पिता के मुताबिक पुत्री संजना आयु लगभग 16 साल, रंजना 14 साल और साधना 12 साल सांवला 22 मार्च दिन मंगलवार से लापता है। मुकदमा दर्ज होने के बाद कुछ दिन तक तो पुलिस तलाश में जुटी रही फिर उसने हाथ ढीले कर लिए। पीड़ित पिता ने रविवार को बताया कि पुलिस कोई ठोस कदम नहीं उठा रही है, पूछने पर कहती हैं तलाश जारी है।
एसओ कैंट अरुण प्रताप सिंह ने बताया कि मुकदमा दर्ज किया गया है। उन्होंने बताया कि तलाश की जा रही है। शीघ्र ही लापता लड़कियों को तलाश कर लिया जाएगा। उन्होंने बताया कि पूछताछ में पता चला है कि 22 मार्च को मां ने मारा पीटा भी था संभवत: उसी कारण से कहीं चली गई हो। पीड़ित पिता का आरोप है कि एक युवक को पकड़ा भी लेकिन छोड़ दिया गया।
36 दिन बाद भी नहीं लगा सुराग
महाराजगंज थाना क्षेत्र के पुलिस चौकी पूरा बाजार अंतर्गत ग्राम पंचायत मूडाडीहा के मजरे पूरे चेतन की एक ही परिवार की तीन सगी बहनों के गायब होने के मामले में 36 दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस अभी भी किसी नतीजे पर नहीं पहुंच सकी है। गायब बेटियों के पिता रामपाल निषाद ने बताया कि उनकी पुत्रियां अंजू निषाद, रंजू निषाद, संगीता निषाद 26 फरवरी को परीक्षा देने के लिए घर से निकली परंतु शाम तक घर वापस नहीं लौटी तो पास पड़ोस में खोजबीन किया तथा रिश्तेदारों से भी पता किया न मिलने पर मजबूर होकर 27 फरवरी को पुलिस चौकी पर लिखित तहरीर दिया है,
लेकिन 36 दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस अभी भी किसी भी नतीजे पर पहुंचने में सफल नहीं हो पा रही हैं। हालांकि पुलिस गुमशुदगी में रिपोर्ट दर्ज करके छानबीन करने में जुटी है। चौकी प्रभारी पूरा बाजार राम अवतार राम ने बताया कि दो सिपाही लुधियाना गए हैं। खोजबीन हो रही है, अभी तक कोई जानकारी नहीं मिली है। थानाध्यक्ष महाराजगंज दिनेश कुमार सिंह ने बताया पुलिस की ओर से पूरा प्रयास किया जा रहा है।
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