लखनऊ: मेयर से बात करने पहुंची महिला सफाईकर्मी को प्रवर्तन दल के जवान ने मारी लाठी, साथियों ने सड़क पर कूड़ा फेंककर जताया विरोध
लखनऊ। राजधानी के नगर निगम मुख्यालय पर प्रदर्शन कर रही महिला सफाईकर्मी ने प्रवर्तन दल के लोगों पर लाठी से मारने का आरोप लगाया है। महिला कर्मी सुमन का आरोप है कि मेयर संयुक्ता भाटिया की गाड़ी के पास वह अपनी मांग को लेकर पहुंची थी, लेकिन नगर निगम के प्रवर्तन दल में शामिल कर्मियों …
लखनऊ। राजधानी के नगर निगम मुख्यालय पर प्रदर्शन कर रही महिला सफाईकर्मी ने प्रवर्तन दल के लोगों पर लाठी से मारने का आरोप लगाया है। महिला कर्मी सुमन का आरोप है कि मेयर संयुक्ता भाटिया की गाड़ी के पास वह अपनी मांग को लेकर पहुंची थी, लेकिन नगर निगम के प्रवर्तन दल में शामिल कर्मियों ने उनके गर्दन पर लाठी मार दी।
वहीं महिला सफाईकर्मी पर लाठी से वार की खबर अन्य सफाईकर्मियों को पता चली, तो एक बार फिर सफाईकर्मियों ने प्रदर्शन करना शुरू कर दिया। इतना ही नहीं कूड़े से भरी ठेलियों को नगर निगम के मुख्यालय पर पलट उसमें भरे कूड़े को सड़क पर फैला दिया। इतना ही नहीं कुछ कर्मी सड़क पर लेट गये और आने जाने वाले वाहनों का रास्ता रोकने लगे।
सफाईकर्मी अभद्रता करने वाले प्रवर्तन दल के जवानों से माफी मांगने की मांग कर रहे थे। सफाई कर्मियों को एक बार फिर प्रदर्शन करता देख, प्रवर्तन दल के अधिकारियों ने हाथ जोड़ कर माफी भी मांगी, उसके बाद भी सफाई कर्मी अड़े रहे। इस दौरान सफाई कर्मियों ने अपने नेताओं पर भी आरोप लगाया कि बिना लिखित आदेश के धरना प्रदर्शन अधिकारियों की बातों में आकर कैसे वापस ले लिया।
दरअसल, राजधानी के नगर निगम मुख्यालय पर मंगलवार को नगर निगम सफाई कर्मियों ने सुबह पांच बजे काम पर बुलाये जाने के विरोध में हड़ताल शुरू कर दी। इस दौरान नगर निगम मुख्यालय पर जुटे सैकड़ों की संख्या में सफाईकर्मियों ने जमकर प्रदर्शन भी किया।
सफाई कर्मियों के हड़ताल पर जाने से कई स्थानों पर सफाई व्यवस्था धराशायी हो गयी, वहीं जैसे ही सफाई कर्मियों के हड़ताल की खबर नगर निगम के अधिकारियों के पास पहुंची, उन्होंने कर्मचारियों को समझाने का प्रयास शुरू कर दिया। कई घंटे चली वार्ता के बाद आखिरकार कर्मचारियों ने हड़ताल वापस ले ली, लेकिन इसी बीच एक महिला सफाई कर्मी पर लाठी से किये गये वार ने सफाई कर्मियों के आक्रोश को भड़का दिया।
महिला कर्मी सुमन ने बताया कि मै मेयर से अपनी बात कहने गयी थी। हाथजोड़ कर मैँने उनसे विनती की। लेकिन इसी दौरान प्रवर्तन दल के लोगों ने जो वर्दी पहने हुये थे, उन्होंने मुझ पर लाठी चला दी। जिससे मेरे गर्दन पर चोट आयी। सुमन ने बताया कि मनमाने ढंग से कर्मियों को हटा दिया जाता है। वेतन कम दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि हमारे नेताओं ने हमारे लिए कोई बात नहीं की। सुमन व अन्य कर्मियों ने कहा कि उन्हें पांच सौ रूपये रोज के हिसाब से दिया जाये।
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