अयोध्या: मोबाइल से केवाईसी बंद, अब जाना पड़ेगा जनसेवा केंद्र
अयोध्या। पीएम किसान पोर्टल पर ई-केवाईसी के लिए एक मैसेज लिखा गया है। इसमें लिखा है कि,‘पीएम किसान के पंजीकृत किसानों के लिए ई-केवाईसी अनिवार्य है। कृपया बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण के लिए अपने नजदीकी सीएससी यानी आधार सेवा केंद्रों पर संपर्क करें।’ यानि पीएम किसान पोर्टल पर मोबाइल से केवाईसी सेवा निलम्बित कर दी गई है। …
अयोध्या। पीएम किसान पोर्टल पर ई-केवाईसी के लिए एक मैसेज लिखा गया है। इसमें लिखा है कि,‘पीएम किसान के पंजीकृत किसानों के लिए ई-केवाईसी अनिवार्य है। कृपया बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण के लिए अपने नजदीकी सीएससी यानी आधार सेवा केंद्रों पर संपर्क करें।’ यानि पीएम किसान पोर्टल पर मोबाइल से केवाईसी सेवा निलम्बित कर दी गई है।
इस सेवा के निलम्बन से किसानों को भारी परेशानी उठानी पड़ रही है। बुधवार को कुछ किसानों को इसकी जानकारी तब हुई जब उन्होंने मोबाइल से केवाईसी का प्रयास किया। इससे पहले तक ओटीपी प्रमाणीकरण के माध्यम से आधार कार्ड आधारित ई-केवाईसी हो जाती थी। मतलब जो आप पहले घर बैठे ई-केवाईसी करवा सकते थे। अब उसे फिलहाल अस्थाई रूप से बंद कर दिया गया है। अब आपको अपने नजदीकी जनसेवा केन्द्र जाना होगा।
पीएम किसान सम्मान निधि के लाभार्थियों के लिए केवाईसी करवाना आवश्यक है। अगर कोई केवाईसी नहीं कराएगा तो किस्त के पैसे नहीं मिल पाएंगे। पहले ई-केवाईसी करवाने की अंतिम तिथि 31 मार्च थी, जिसे बढ़ाकर अब 22 मई किया गया है। हालांकि पीएम किसान पोर्टल पर ई-केवाईसी का ऑप्शन नजर नहीं आ रहा है। इसे कुछ दिन के लिए स्थगित किया गया है। इसे लेकर किसान परेशान हो रहे हैं। हालांकि कृषि निदेशक संजय त्रिपाठी ने बताया कि मोबाइल से केवाईसी की व्यवस्था एक दिन पहले स्थगित की गई है बिना नजदीकी जनसेवा केन्द्र जाए अब मुमकिन नहीं है।
2,85 लाख किसानों को करानी है केवाईसी
संजय त्रिपाठी ने बताया कि जिले में कुल 3,65,268 किसान हैं जिसके सापेक्ष अब तक 79967 किसान अपनी केवाईसी करा चुके हैं। उन्होंने बताया कि शेष 2085301 किसानों को केवाईसी करानी है। इसके लिए विभाग की ओर से कुल 103 कर्मचारी लगाए गए हैं। उन्होंने कहा यदि केवाईसी निर्धारित तिथि तक नहीं हुई तो किस्त नहीं मिलेगी।
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