Russia Ukraine War: देरी से स्टेशन पहुंचने के कारण मिसाइल हमले से बचा यूक्रेनी परिवार, टैक्सी की वजह से बची जान
ल्वीव (यूक्रेन)। पूर्वी यूक्रेन के रामतोर्स्क शहर में एक सबवे स्टेशन पर रूस द्वारा शुक्रवार को किए गए मिसाइल हमले के गवाह लोगों ने आंखों देखी बयां करना शुरू कर दिया है। प्रत्यक्षदर्शियों में शामिल सिदोरनेको परिवार के सदस्यों ने कहा, “वे हमले में मारे गए कम से कम 52 लोगों या सौ से अधिक …
ल्वीव (यूक्रेन)। पूर्वी यूक्रेन के रामतोर्स्क शहर में एक सबवे स्टेशन पर रूस द्वारा शुक्रवार को किए गए मिसाइल हमले के गवाह लोगों ने आंखों देखी बयां करना शुरू कर दिया है। प्रत्यक्षदर्शियों में शामिल सिदोरनेको परिवार के सदस्यों ने कहा, “वे हमले में मारे गए कम से कम 52 लोगों या सौ से अधिक घायलों में से एक हो सकते थे। हालांकि, उन्होंने पहली बार जो टैक्सी बुक की थी, वह आई ही नहीं।
इसके चलते उन्हें दूसरी टैक्सी लेनी पड़ी, जिससे वे देरी से स्टेशन पहुंचे और इस हमले की चपेट में आने से बच गए।” परिवार के सदस्य इवान सिडोरनेको ने बताया कि शुक्रवार सुबह 11 बजे उन्हें लोगों की सुरक्षित निकासी के लिए चलाई जा रही ट्रेन पकड़नी थी, लेकिन जिस टैक्सी से उन्हें स्टेशन पहुंचना था, वह आई ही नहीं और स्टेशन पहुंचने के लिए दूसरी टैक्सी मिलने में समय लगा, जिससे वह हमले का शिकार होने से बच गए।
इवान के मुताबिक, उनका परिवार जिस समय स्टेशन पहुंचा, उससे तीन मिनट पहले ही वहां विस्फोट हुआ था। उन्होंने बताया कि मिसाइल जब सबवे स्टेशन पर गिरी, तब वहां कम से कम दो हजार लोग मौजूद थे। परिवार ने बताया कि घटनास्थल पर जलती हुई कारें, मिसाइल के जलते हुए टुकड़े और जान बचाकर भागते लोग नजर आ रहे थे।
यूक्रेन की उप प्रधानमंत्री इरना वेरेसचक ने बताया कि शनिवार को दस गलियारों से बसों के जरिये निकासी अभियानों को अंजाम देने की योजना थी, जबकि कई अन्य स्टेशनों से ट्रेन के जरिये लोगों को निकाला जा रहा था। रूस ने हालांकि इस हमले की जिम्मेदारी लेने से इनकार किया है। मॉस्को का आरोप है कि सबवे स्टेशन पर हमला यूक्रेन की सेना ने किया है और वह इसका दोष रूस पर मढ़ रही है।
ये भी पढ़ें:- Pakistan Political Crisis : 11 अप्रैल को चुना जाएगा पाकिस्तान का नया प्रधानमंत्री, इमरान खान सरकार ने विश्वास मत खोया
