लखीमपुर-खीरी: मंत्री पुत्र को वीआईपी सुविधा की खबर पर डीएम-एसपी ने जिला कारागार पर मारा छापा
लखीमपुर-खीरी, अमृत विचार। तिकुनियां हिंसा मामले में केंद्रीय गृह राज्यमंत्री के पुत्र आशीष मिश्र समेत 13 आरोपियों के जिला कारागार में निरुद्ध होने से इन दिनों जिला कारागार सुर्खियों में है। सभी की नजरें भी जेल की तरफ लगी हुई हैं। शनिवार को कुछ बंदियों को वीआईपी सुविधाएं मिलने की सूचना पर डीएम-एसपी ने जिला …
लखीमपुर-खीरी, अमृत विचार। तिकुनियां हिंसा मामले में केंद्रीय गृह राज्यमंत्री के पुत्र आशीष मिश्र समेत 13 आरोपियों के जिला कारागार में निरुद्ध होने से इन दिनों जिला कारागार सुर्खियों में है। सभी की नजरें भी जेल की तरफ लगी हुई हैं। शनिवार को कुछ बंदियों को वीआईपी सुविधाएं मिलने की सूचना पर डीएम-एसपी ने जिला कारागार पर छापा मारा। बैरक आदि की गहन तलाशी कराई गई, लेकिन कोई आपत्तिजनक सामग्री नहीं मिली। डीएम-एसपी ने व्यवस्था चाकचौबंद मिलने पर संतोष जाहिर किया है।
तीन अक्तूबर 2021 को तिकुनियां में हुई हिंसा में चार किसान, एक पत्रकार समेत आठ लोगों की जान चली गई थी। इस बहुचर्चित मामले में केंद्रीय गृह राज्यमंत्री अजय मिश्र टेनी के पुत्र आशीष मिश्रा सहित 13 आरोपी जिला कारागार में निरुद्ध हैं। हाईप्रोफाइल मामला होने के कारण सभी की नजरें जिला जेल की तरफ भी लगी हुई हैं। जिला कारागार में वीआईपी सुविधाएं मिलने की जानकारी मिलने पर शनिवार की दोपहर करीब 12 बजे डीएम महेंद्र बहादुर सिंह व एसपी संजीव सुमन अचानक जिला जेल पहुंच गए।
डीएम-एसपी को देख जेल प्रशासन में हड़कंप मच गया। दोनों अधिकारियों ने महिला व पुरुष बंदी ग्रह का औचक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं की पड़ताल की। डीएम-एसपी ने बंदियों का हालचाल जाना एवं खाने-पीने के बारे में जानकारी ली। दोनों अधिकारी तिकुनियां हिंसा मामले के आरोपी मंत्री पुत्र आशीष मिश्र व उनके सह आरोपियों की बैरक में भी पहुंचे और निरीक्षण किया। मंत्री पुत्र की बैरक में तीन सीसीटीवी कैमरे लगे मिले हैं, जो क्रियाशील हैं। जिनकी रिकॉर्डिंग भी अधिकारियों ने जांची, लेकिन किसी भी आरोप की कोई पुष्टि नहीं हुई।
बैरक में कोई कूलर भी लगा हुआ नहीं मिला। डीएम-एसपी ने स्वयं भोजन की गुणवत्ता देखी। विभिन्न बैरकों में जाकर बंदियों से मूलभूत सुविधाओं एवं व्यवस्थाओं की जानकारी ली। जेल प्रशासन को जरूरी दिशा निर्देश दिए। कारागार में साफ-सफाई व्यवस्था मिलने पर संतोष व्यक्त किया। जेल अधिकारियों को निर्देश दिए कि इसी प्रकार प्रतिदिन जेल में साफ-सफाई बनाए रखी जाए।
एसपी संजीव सुमन ने बगैर नाम लिए बताया कि जिला कारागार में निरुद्ध एक बंदी को विशेष सुविधाएं दिए जाने की जानकारी मिली थी। जिस पर डीएम के साथ आरोप वाली बैरक का मुआयना किया गया है, लेकिन कोई आपत्तिजनक वस्तु या सुविधा के आरोपों की पुष्टि नहीं हुई है। निरीक्षण के दौरान जेल अधीक्षक पीपी सिंह, जेलर पंकज सिंह, डिप्टी जेलर अविनाश चौहान, सुनील कुमार, नीरज कुमार, चिकित्सक डॉ. दीपांकर, डॉ. सुनील मौजूद रहे।
झूठी सूचना देने वाले संस्थान को नोटिस
आरोप वाली बैरक का मुआयना किया गया है। उस बैरक में तीन कैमरे लगे हुए मिले हैं, जो क्रियाशील हैं। जिनकी रिकॉर्डिंग देखने पर भी किसी भी आरोप की कोई पुष्टि नहीं हुई। न तो कोई कूलर लगा मिला है। बैरक में पंखे चलते मिले, जो हर बंदी को अनुमन्य है। संबंधित मीडिया संस्थान को भ्रामक सूचना प्रसारित करने पर जिला प्रशासन द्वारा नोटिस जारी की जा रही है।
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