अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट का आदेश- गन लेकर चलना अमेरिकियों का मौलिक अधिकार

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

वाशिंगटन। अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने बंदूक रखने को लेकर बड़ा फैसला सुनाया है। सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि अमेरिकियों का सार्वजनिक रूप से गन रखना मौलिक अधिकार है। बता दें कि न्यूयॉर्क स्टेट राइफल एंड पिस्टल एसोसिएशन बनाम ब्रुएन केस पर फैसला सुनाते हुए अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने जो बाइडेन प्रशासन को झटका दिया …

वाशिंगटन। अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने बंदूक रखने को लेकर बड़ा फैसला सुनाया है। सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि अमेरिकियों का सार्वजनिक रूप से गन रखना मौलिक अधिकार है। बता दें कि न्यूयॉर्क स्टेट राइफल एंड पिस्टल एसोसिएशन बनाम ब्रुएन केस पर फैसला सुनाते हुए अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने जो बाइडेन प्रशासन को झटका दिया है। अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने कहा, अमेरिकियों को गन लेकर चलने पर रोक नहीं लगाई जा सकती, न ही इसमें कोई टर्म जोड़ा जा सकता है। गन लेकर चलना अमेरिकियों का मौलिक अधिकार है।

अमेरिका में लगातार हो रही गोलीबारी और फायरिंग की घटनाओं के चलते गन कंट्रोल की मांग को लेकर प्रदर्शन चल रहे हैं। इस बीच, अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को एक सदी से भी अधिक समय पहले बनाए गए न्यूयॉर्क गन कानून को रद कर दिया। उस कानून के तहत लोग घर के बाहर बगैर लाइसेंस हथियार नहीं ले जा सकते थे। यह गन अधिकारों के लिहाज से बड़ी व्यवस्था है। कोर्ट के न्यायाधीशों का फैसला 6-3 के मत विभाजन के आधार पर आया।

जस्टिस क्लेरेंस थॉमस ने लिखा, “न्यूयॉर्क उन आवेदकों को सार्वजनिक रूप से गन लेकर चलने का लाइसेंस जारी करता है, जो आत्मरक्षा के लिए ऐसा करने की मंजूरी मांगते हैं। राज्य की ये लाइसेंसिंग व्यवस्था संविधान का उल्लंघन करती है।’ यह पहली बार है जब निजी तौर पर गन रखने के संवैधानिक अधिकार को लेकर कोर्ट ने ये टिप्पणी करते हुए कहा कि यह अधिकार सार्वजनिक जगहों पर हथियार ले जाने की इजाजत भी देता है।

इस फैसले के बाद लोग न्यूयॉर्क, लॉस एंजिलिस तथा बोस्टन समेत अमेरिका के बड़े शहरों के साथ अन्य जगहों की सड़कों पर कानूनन हैंडगन लेकर चल सकेंगे। अमेरिका की एक चौथाई आबादी उन राज्यों में रहती है, जहां ये व्यवस्था प्रभावी होगी। यह एक दशक से भी अधिक समय में सुप्रीम कोर्ट का गन कल्चर को लेकर पहला निर्णय है। अदालत की व्यवस्था ऐसे समय आई है जब टेक्सास, न्यूयॉर्क और कैलिफोर्निया में हाल ही में हुई सामूहिक गोलीबारी के बाद कांग्रेस हथियार कानून पर सक्रियता से काम कर रही है।

सुप्रीम कोर्ट के फैसले से जो बाइडेन नाराज
सुप्रीम कोर्ट के इस फैसले से राष्ट्रपति जो बाइडेन नाराज हैं। उनका कहना है कि यह बिना कॉमन सेंस के लिया गया फैसला है। सभी को इस फैसले पर सभी को आपत्ति होनी चाहिए। बाइडेन गन कल्चर को खत्म करना चाहते थे। उनका मत था कि या तो गन कल्चर खत्म हो या बंदूक खरीदने की उम्र 18 साल से बढ़ाकर 21 साल कर दी जाए।

 

ये भी पढ़ें : मेक्सिको के जलिस्को राज्य में सुरक्षाबलों और बंदूकधारियों के बीच झड़प, 13 लोगों की मौत

संबंधित समाचार